पौष माह की शनि अमावस्या पर शनिवार को विभिन्न प्रांतों से आए दो लाख से भी अधिक श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाई। शनि अमावस्या के मद्देनजर दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान समेत वेस्टर्न यूपी के जनपदों से श्रद्धालुओं का आगमन शुक्रवार की देर शाम को ही प्रारंभ हो गया था।
इसके चलते ही दिन ढलते ही गंगानगरी में चहल पहल के साथ ही बाजारों में अजीब सी रंगत नजर आने लगी थी। शनिवार देर रात को अधिकांश श्रद्धालुओं की भीड़ किनारे पर पहुंच गई थी।
जहां ब्रह्म मुहूर्त में मुख्य स्नान पर्व प्रारंभ होते ही भक्तों ने गंगा में डुबकी लगाने का सिलसिला प्रारंभ कर दिया था। स्नान के बाद अधिकांश श्रद्धालुओं ने किनारे पर बैठे पंडितों से भगवान सत्यनारायण की कथा सुनी और तीर्थनगरी के प्रसिद्ध मंदिरों में पहुंचकर अपने ईष्ट देवों के समक्ष मत्था टेककर मनौती मांगीं।