शासन के निर्देश पर जिले में विधायक निधि से लगने वाले हैंडपंपों पर बादल मंडराने लगे हैं। अभी तक हैंडपंपों के लिए धनराशि स्वीकृत नहीं की गई है। विधायकों को अपनी निधि से 100-100 हैंडपंप लगवाने थे।
शासन ने कुछ समय पूर्व विधायक निधि से 100-100 हैंडपंप लगवाने की स्वीकृति प्रदान की थी। इन हैंडपंपों के साथ साथ पुराने हैंडपंप रिबोर भी किये जाने का प्रस्तावित था। धनराशि नहीं मिलने के कारण अभी तक जिले में एक भी हैंडपंप नहीं लग सका है।
जल निगम सूत्रों की मानें तो जिले में विधायकों को अपनी निधि से 100-100 हैंडपंपों को लगवाना था। हैंडपंपों का कार्य जल निगम द्वारा कराया जाना था। जल निगम के अफसरों को कोई धनराशि नहीं मिलने से अभी तक हैंडपंपों का काम शुरू ही नहीं किया जा सका है। निगम के अफसरों ने हैंडपंपों को लगवाने के लिए जगह भी चिंहित कर ली थी।
जल निगम के अधिशासी अभियंता एसके जैन ने बताया कि धनराशि के अभाव में हैंडपंपों का काम शुरू नहीं हो सका है। यदि जल्द ही धनराशि मिलती है तो काम शुरू करा दिया जाएगा।