कक्षा एक से आठ तक के सरकारी स्कूलों में जल्द ही बायोमीट्रिक मशीनें लगेंगी। इस योजना के बाद शिक्षकों को अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के लिए केवल 19 मिनट मिलेंगे। वहीं छुट्टी के बाद उपस्थिति दर्ज कराने के लिए महज पांच मिनट मिलेंगे।
इससे अधिक समय होने पर शिक्षक को अनुपस्थित मानकर उसकी तनख्वाह काट ली जाएगी। परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों के देर से पहुंचने की शिकायतें अक्सर विभागीय अफसरों को मिलती रहती हैं। इस सत्र में अफसरों ने स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीनें लगाने की योजना तैयार कर ली है।
स्कूल खुलने के बाद 19 मिनट तक शिक्षक को अपनी हाजिरी बायोमीट्रिक मशीन में दर्ज करने की छूट होगी। इसके बाद 20 मिनट देर होते ही उनकी उपस्थिति मान्य नहीं होगी। इसके साथ ही अवकाश होने के बाद मशीन में उपस्थिति दर्ज कराने के लिए पांच मिनट ही मिलेंगे।
ऐसे में जो शिक्षक स्कूल देर से पहुंचते हैं और अवकाश होने के पहले ही घर निकल लेते हैं, उन पर शिकंजा कस जाएगा। यह व्यवस्था जल्द ही जिले के तमाम सरकारी स्कूलों में लागू हो जाएगी।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी देवेंद्र गुप्ता ने बताया कि उपस्थिति दर्ज न होने वाले दिन शिक्षक को अनुपस्थित मानते हुए उसका वेतन काटने की कार्रवाई की जाएगी। जल्द ही स्कूलों में बायोमीट्रिक मशीनें लगा दी जाएंगी।