हाईटेंशन लाइन की चिंगारी गिरने से जली फसल
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बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के कोटा हरनाथपुर गांव में खेतों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन की चिंगारी गिरने से दो सगे भाइयों सहित तीन किसानों की 10 बीघा गेहूं की फसल जल गई। ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया। पावर कारपोरेशन की लापरवाही से ग्रामीणों में रोष है।
कोटा हरनाथपुर निवासी विनोद पुत्र निरंजन, विजय सिंह और श्याम सिंह पुत्र शीशराम के खेत थोड़ी-थोड़ी दूर पर हैं। तीनों किसानों के खेतों में गेहूं की फसल खड़ी है। शुक्रवार दोपहर अचानक हाईटेंशन लाइन की चिंगारी से फसल में आग लग गई।
आग की लपटें और धुआं निकलता देखकर ग्रामीणों ने शोर मचा दिया। उन्होंने किसी तरह से पानी डालकर आग पर काबू पाया। तब तक तीनों किसानों की 10 बीघा फसल जलकर राख हो गई थी। पीड़ित किसानों ने बताया कि फसल जलने से करीब 45-50 हजार रुपये का नुकसान हुआ है।
उधर, हाईटेंशन लाइन का तार टूटकर गिरने से तीन बीघा गेहूं की पकी फसल जलकर राख हो गई। किसानों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया, अन्यथा आसपास के खेतों में खड़ी फसल भी आग की चपेट में आ जाती।
सिंभावली क्षेत्र में माधापुर गांव के जंगल के पास हाईटेंशन लाइन का तार दोपहर करीब डेढ़ बजे टूटकर गिर पड़ा। तार की चिंगारी से खेतों में खड़ी गेहूं की फसल में आग लग गई। धुआं और आग की लपटें उठती देख आसपास के खेतों में काम कर रहे किसान पहुंचे और आग बुझानी शुरू कर दी।
काफी कोशिश के बाद किसान आग पर काबू पा सके। फिर भी ग्राम प्रधान नरेंद्र त्यागी के भतीजे रघुवंश की तीन बीघा फसल जल गई। ग्राम प्रधान ने फसल के नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजे की मांग की है। तीन दिन पहले भी गढ़ के गांव बदरखा में भी तार टूटने से छह किसानों की 17 बीघा फसल जल गई थी।