मंडी में पांच करोड़ का धान भीगा
हापुड़/गढ़। जिले में रविवार को हुई झमाझम बारिश से हापुड़ और गढ़ मंडी में रखा करीब पांच करोड़ का धान भीग गया। खेतों में पानी भरने से फसलों को भी काफी नुकसान हुआ है। आलू की बुवाई लेट होने से किसान चिंतित हैं। जलभराव से भी लोगों को परेशानी झेलनी पड़ी।
जिले में बड़े पैमाने पर धान की खेती होती है। 60 प्रतिशत किसान मंडी में धान की बिक्री कर चुके हैं। हापुड़ और गढ़ मंडी में निजी आढ़ती धान की खरीद करते हैं। रविवार को करीब 9 हजार क्विंटल धान की बिक्री करने किसान मंडी पहुंचे, आढ़तियों ने बारिश शुरू होने से पहले ही धान नीचे उतरवाकर तुलाई शुरू कर दी। लेकिन कुछ ही देर में बरसात से धान भीगने लगा, शाम तक बारिश जारी रही। करीब 5 करोड़ रुपये का धान भीग गया। वहीं, गांव अल्लीपुर, ददायरा, बिगास, धनौरा, ततारपुर, लालपुर समेत कई गांवों में खेतों में पानी भरने से खेत में कटी पड़ी धान की फसल को काफी नुकसान हुआ है।
दलहन की फसलों को नुकसान
खेतों में इन दिनों किसानों ने दलहन की फसल लगाई है, जिसमें मूंग और उड़द शामिल हैं। फसल पर फली बन रही है, बारिश इसके खराब होने का खतरा बन गया है। अभी दो दिन और बारिश के आसार हैं।
बारिश के साथ हवा से गिर गईं ईंख
बारिश के साथ रविवार को हवा भी चली, जिससे खेतों में खड़ी गन्ने की फसल गिर गई। गन्ने की फसल गिरने से उत्पादन पर काफी प्रभाव पड़ने की आशंका है। जिससे किसान परेशान हैं।