बेसिक शिक्षा विभाग परिषदीय स्कूलों के छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ कर रहा है। 14 से 25 अक्तूबर के बीच इन स्कूलों में परीक्षाएं प्रस्तावित हैं लेकिन अब तक आधे स्कूलों में किताबें नहीं पहुंच पाई हैं। ऐसे में पुरानी किताबों के सहारे ही छात्र परीक्षा की तैयारी में जुटे हैं।
दरअसल, जिले में करीब 700 परिषदीय स्कूलों में 54 हजार छात्र हैं। सरकार इन स्कूलों में छात्रों को निजी स्कूलों की तरह शिक्षा की गुणवत्ता के सपने देख रही है। इसके लिए शैक्षिक सत्र में बदलाव, मॉडल स्कूल बनाने की योजना शुरू भी की गई है। लेकिन आधे स्कूलों के छात्र बिना किताबों के परीक्षा की तैयारी करने में लगे हैं।
बेसिक शिक्षा अधिकारी देवेंद्र गुप्ता का कहना है कि छात्रों को किताबें बांटने की प्रक्रिया चल रही है। जल्द ही सभी स्कूलों में किताबों वितरित करा दी जाएंगी। परीक्षाओं की तैयारी में छात्रों को परेशानी नहीं होगी।