कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम ने दिल्ली रोड स्थित प्रीत विहार कालोनी में तमंचा बनाने की फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर एक आरोपी को दबोचा लिया है। मौके से 23 तमंचे, 4 देशी बंदूक तथा अन्य सामान बरामद किए गए हैं। एसपी ने पुलिस टीम को पांच हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है।
सीओ शैलेंद्र सिंह राठौर ने सोमवार को बताया कि विधानसभा चुनाव में गड़बड़ी फैलाने के लिए प्रीत विहार में तमंचा बनवाया जा रहा था। रविवार रात पुलिस ने सूचना के आधार पर प्रीत विहार कालोनी में एक बंद पड़े मकान पर छापा मारकर इस फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है।
पुलिस टीम ने मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है जबकि उसका दूसरा साथी भागने में कामयाब हो गया। गिरफ्तार आरोपी की पहचान यूनुस गांव पोटा कबूलपुर थाना बीबी नगर जनपद बुलंदशहर के रूप में की गई है।
फिलहाल वह हापुड़ के चैनपुरी मोहल्ला में रहता है। जबकि भाग गए आरोपी के साथी की पहचान नौशेर निवासी गांव तौड़ी थाना भोजपुर जनपद गाजियाबाद के रूप में की गई है। मौके से पुलिस ने 4 देशी बंदूक, 7 तमंचे 12 बोर के, 16 तमंचे 315 बोर के,10 नाल,
1 ड्रिल मशीन, 6 ट्रेगर, छेनी, पेचकस व 1 आरी सहित अन्य उपकरण बरामद किए हैं। टीम में थानाध्यक्ष सिंभावली विजय बहादुर, स्वाट टीम प्रभारी दीक्षित त्यागी, कोतवाली के एसआई मुज्जमिल खां, एसआई जयपाल सिंह रावत,
एसआई शिवपाल सिंह सहित अन्य पुलिस कर्मी शामिल रहे। एसपी अलंकृता सिंह ने पुलिस टीम को पांच हजार रुपये इनाम देने की घोषणा की है।
कोतवाली पुलिस द्वारा पकड़ी गई फैक्ट्री करीब 20 दिन से चल रही थी। जबकि पकड़े गए आरोपी पूर्व में बीबीनगर थाना क्षेत्र में भी हथियार बनाने की फैक्ट्री चला चुका है।
आरोपियों को जब मुखबिरी का शक हुआ तो वह हापुड़ में आकर इस गोरखधंधे को शुरू कर दिया। आरोपी तमंचा ढाई से तीन हजार रुपये में बेच देते थे। जबकि बंदूक पांच हजार रुपये में बेचते थे।
पकड़ा गया आरोपी काफी वर्षों से तमंचा बनाने की फैक्ट्री चला रहा था। वह पूर्व में भी हत्या व पुलिस मुठभेड़ के मामले में जेल जा चुका है। जबकि तमंचे की फैक्ट्री चलाने के मामले में पहली बार पुलिस के हत्थे चढ़ा है।