संवाद न्यूज एजेंसी
हापुड़। छठी मैया करिया दुलार, सुन लिया अरज हमार..., अबकी क्षमा छठी मैया, देदा गोदिया में लाल... जैसे लोक गीतों के साथ श्रद्धालुओं ने छठ मैया की पूजा-अर्चना की। चंद्रलोक कॉलोनी में महिलाओं ने शिव मंदिर परिसर में बने कुंड में घुटनों तक पानी में खड़े होकर डूबते सूर्य को अर्घ्य देकर परिवार के सुख समृद्धि की कामना की।
शहर के चंद्रलोक कॉलोनी में छठ पूजा महापर्व को लेकर उत्साह दिखाई दे रहा है। सोमवार को व्रती महिलाएं मंदिर परिसर में बने कुंड में खड़े होकर सूर्य को अर्घ्य देने के लिए पहुंचीं। फल, नारियाल, दीपक, ठेकुआ, मौसमी फल आदि सामने रखकर छठ मैया की कथा पढ़ी। शाम को व्रती महिलाओं ने अर्घ्य देकर संतान की लंबी आयु, परिवार की खुशहाली की कामना की गई।
कॉलोनी निवासी लीलावती पांडेय, सुनीता पांडैय, हनी पांडेय, उषमा पांडेय ने बताया कि कार्तिक मास में दिवाली के छठे दिन बाद व्रती महिलाओं द्वारा पवित्र जल में डुबकी लगाई जाती है और महिलाएं एकत्रित होकर सूर्य देव की स्तुति की जाती है। शाम के समय परिवार की महिलाओं ने छठ मैया के गीत गाए। सूर्य को अर्घ्य देने के बाद घरों में छठ माता की कृपा पाने के लिए कोशी भरी गई। माताओं ने दीप जलाकर छठ माता की पूजा अर्चना कर माता की आराधना की और बच्चों की दीर्घायु की कामना की। मंगलवार सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य देकर व्रती महिलाएं 36 घंटे का निर्जला उपवास खोलेंगी और छह पूजन का समापन होगा। इस मौके पर धर्मेंद्र पांडेय, अमित पांडेय, ज्योति सिंह, विजय कुमार, अमरपाल आदि मौजूद रहे।