क्या था मामला
एएसपी विनीत भटनागर ने बताया कि डहरा रामपुर गांव में अविवाहित रामलखन सिंह चौहान (32) फिलहाल घर में अकेला रहता था। जबकि उसके दो बड़े भाई हीरा और यशपाल गाजियाबाद में रहकर गौतमबुद्धनगर में एक निजी कंपनी में नौकरी करते हैं। 12 अगस्त की सुबह उसके घर से दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस को रामलखन सिंह का शव घर के अंदर से बरामद किया था। इस दौरान मौके पर सामान टूटा फूटा पड़ा था। इसके अलावा शराब के कई खाली पाउच भी वहां पड़े हुए थे। जबकि घर के पीछे का दरवाजा खुला हुआ था। मृतक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर में चोट लगने से मौत की पुष्टि हुई थी।
एएसपी ने बताया कि मामले में जांच और साक्ष्यों के आधार पर आरोपी यशपाल को गाजियाबाद ठंडी सड़क से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ के दौरान बताया कि उसका भाई रामलखन शराब पीने का आदी था। शराब पीने के बाद वह उनके व उनके बड़े भाई हीरा सिंह के साथ अक्सर विवाद करता रहता था। दरअसल, मृतक के पिता चेतराम सिंह के नाम पर करीब 50 बीघा जमीन थी। उनकी मृत्यु के बाद तीनों भाईयों हीरा, यशपाल एवं रामलखन के नाम पर जमीन आ गई थी। कुछ दिन पूर्व ही उनकी अपनी दो बीघा जमीन 44 लाख रुपये में बेची थी, जिसमें में बयाने के रुपये रामलखन के खाते में आए थे। जिससे वह अपने दोस्तों व परिचितों को भी अपने रुपये से शराब पिलाता था, इससे यशपाल नाराज था।
छह अगस्त को यशपाल बाइक गांव डहरा रामपुर अपने घर पहुंचा। यहां पहुंचने के बाद रामलखन ने उसे शराब लाने के लिए रुपये भी दिए। शराब लाने के बाद उसने व रामलखन दोनों ने एक साथ बैठकर शराब पी। इस दौरान यशपाल ने उसे अय्याशी छोड़ घर बसाने की सलाह दी तो रामलखन आग बबूला हो गया। रामलखन ने पास में रखी कुर्सी उठाकर उसे मार दी थी। इसके बाद उसने दरवाजे के पास रखी खटपावड़ी उठाकर रामलखन के सिर में मार दी थी। इससे वह जमीन पर गिरकर बेहोश हो गया था। वह बाइक लेकर यहां से फरार हो गया था।
छह दिनों तक घर के अंदर ही पड़ा रहा था रामलखन का शव
एएसपी ने बताया कि छह अगस्त को आरोपी यशपाल अपने छोटे भाई रामलखन को मारकर यहां से बाइक लेकर फरार हो गया था। रामलखन शराब पीकर अपने पड़ोसियों से अक्सर विवाद करता रहता था। इसी कारण से उसका शव अपने घर में छह दिनों तक अंदर ही पड़ा रहा था। इसी वजह से पड़ोसियों ने उसकी कोई खैर खबर नहीं ली और न ही पुलिस को कोई सूचना दी थी। 12 अगस्त को मकान से बदबू आने के बाद पड़ोसियों ने इसकी सूचना पुलिस को दी थी।