ग्रामीण क्षेत्रों में ट्रांसफार्मर फुंकने पर अब कई-कई रोज तक बिजली की समस्या नहीं झेलनी पड़ेगी। फुंके ट्रांसफार्मर को बदलवाने के लिए वर्कशाप के चक्कर भी नहीं लगाने पड़ेंगे। बल्कि ग्रामीणों की शिकायत दर्ज होने के 72 घंटे के भीतर ऊर्जा निगम दूसरा ट्रांसफार्मर लगवाएगा।
इस सुविधा के लिए ग्रामीणों से कोई शुल्क भी नहीं वसूला जाएगा। इस संबंध में अधिशासी अभियंता ने टेंडर कर कर्मचारियों को गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए हैं।
गर्मी के मौसम में देहात क्षेत्र में धड़ाधड़ ट्रांसफार्मर फुुंकते हैं।
ऐसे में फसलों की सिंचाई की समस्या खड़ी होने पर गांव वाले अपने खर्च पर ट्रांसफार्मर बदलवाने की कोशिश में जुट जाते हैं। इसके लिए ग्रामीण चंदा एकत्रित कर निगम कर्मियों को सौंपते हैं, तब कहीं जाकर ट्रांसफार्मर बदला जाता है।
इन शिकायतों पर अधिशासी अभियंता ने ग्रामीणों को राहत दिलाने का रास्ता निकाला है। अब ट्रांसफार्मर फुंकने पर ग्रामीण संबंधित बिजलीघर पर शिकायत दर्ज कराएंगे। शिकायत दर्ज होने के 72 घंटे के भीतर ऊर्जा निगम खराब ट्रांसफार्मर को बदलवा देगा।
ग्रामीणों से ट्रांसफार्मर बदलने का कोई शुल्क भी लिया जाएगा। इसे अमली जामा पहनाने के लिए अधिशासी अभियंता ने टेंडर भी कर दिया है। संबंधित कर्मियों को ग्रामीणों की शिकायत पर तत्काल ट्रांसफार्मर बदली के निर्देश दिए गए हैं।
72 घंटे के भीतर समस्या का समाधान न होने पर कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही गई है। उधर, अधिशासी अभियंता चंदन प्रकाश का कहना है कि ग्रामीणों को ट्रांसफार्मर बदली में परेशानी न हो इसके लिए यह सुविधा शुरू की गई है। फुंका ट्रांसफार्मर शिकायत दर्ज होने के 72 घंटे में बदल दिया जाएगा।