सरीला (हमीरपुर)। सिंचाई के लिए दिन में पर्याप्त बिजली न मिलने से क्षेत्र के किसानों की फसलें संकट में हैं। किसानों का आरोप है कि खेड़ा शिलाजीत विद्युत पावर हाउस से 24 घंटे में मात्र आठ घंटे बिजली मिल रही है और वह भी अधिकतर रात के समय। इससे मटर, मसूर और लाही की फसलों के खराब होने की आशंका बढ़ गई है।
समस्या के समाधान की मांग को लेकर किसानों ने शुक्रवार को उपजिलाधिकारी सरीला को ज्ञापन सौंपा। कामता प्रसाद, अशोक कुमार, मुलायम सिंह, कौशल किशोर सहित आधा दर्जन से अधिक किसानों ने बताया कि उन्हें दिन में सिंचाई करने की जरूरत होती है, लेकिन शाम सात बजे के बाद ही बिजली आती है, जिससे खेतों में समय से पानी नहीं मिल पाता। चेतावनी दी कि यदि दो दिनों के भीतर बिजली आपूर्ति में सुधार नहीं किया गया तो वे धरने के लिए मजबूर होंगे। एसडीओ हरिश्चंद्र ने बताया कि शिकायतकर्ताओं ने दिन में बिजली देने की मांग की है। सिंचाई के लिए 10 घंटे बिजली देने के निर्देश हैं, चाहे वह रात में दी जाए या दिन में। किसानों की जरूरत देखते हुए दिन के समय का रोस्टर तैयार करवाया जा रहा है। एसडीओ ने आश्वासन दिया कि किसानों को सिंचाई के लिए आवश्यक बिजली उपलब्ध कराई जाएगी और समस्या का जल्द समाधान किया जाएगा।