पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के आवास में जांच करती फोरेंसिक टीम।
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पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के आवास पर गोली लगने से हुई सिपाही की मौत के मामले में रविवार को लखनऊ से आई फोरेंसिक टीम ने जांच की। टीम साक्ष्य जुटाकर लौट गई।
अमन शहीद दुर्गा मंदिर मोहल्ले में गत रविवार की शाम पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष गौरी मिश्रा के आवास में सिपाही मनीष शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगने से मौत हो गई थी। इस मामले में दूसरे गनर अरिमर्दन सिंह ने प्राइवेट गनर सर्वेश कुमार के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था।
सिपाहियों और परिजनों के हंगामे पर 30 मार्च को पुलिस ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर आरोपी को जेल भेज दिया। जबकि इससे पहले आरोपी सर्वेश के खिलाफ धारा 304 ए व 338 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। एसपी मुनीराज जी ने मामले में फोरेंसिक टीम से जांच कराने के लिए शासन को पत्र भेजा था। रविवार को फोरेंसिक टीम के मेडिकोलीगल स्पेशलिस्ट डा. जी खान, वरिष्ठ वैज्ञानिक सहायक राजीव रंजन श्रीवास्तव व मेडिकोलीगल के फोटोग्राफर अरुण कुमार एसपी से मिले।
इसके बाद कोतवाल अनूप कुमार सिंह और दोनों गनरों को साथ लेकर पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष के आवास पर गए। वहां पहुंचते ही आवास का गेट बंद कर दिया गया। जांच के बाद बाहर निकले मेडिकोलीगल डा.जी खान ने कहा कि वह चश्मा लगाकर नहीं आए हैं। इस वजह से उनकी कुछ समझ में नहीं आ रहा है। वहीं कोतवाल ने कहा कि फोरेंसिक टीम जांच कर लखनऊ चली गई है। जांच रिपोर्ट आठ-दस दिन में आ जाएगी।