हमीरपुर। सपा कार्यकाल में हुए मौरंग घोटाले की चल रही सीबीआई जांच को लेकर टीम ने एक बार फिर पड़ोसी जनपद फतेहपुर में डेरा जमाया है। जिसकी हलचल जिले में भी देखी जा रही है। मौरंग व्यवसायियों में कई तरह की चर्चाएं हो रहीं हैं। सीबीआई टीम के जल्द जिले में आने की अटकलें लगाई जा रही हैं।
जनहित याचिकाकर्ता अधिवक्ता विजय द्विवेदी की याचिका पर हाईकोर्ट ने वर्ष 2016 में सपा शासनकाल मेें हुए जिले के करीब 60 मौरंग पट्टे निरस्त किए थे। इसके बावजूद शासन व प्रशासन से साठगांठ कर अवैध खनन का खेल चलता रहा। इसकी शिकायत पर हाईकोर्ट ने प्रदेश के कई जिलों में हुए मौरंग खनन की सीबीआई जांच के आदेश दिए थे। बीते वर्ष जिले में आई सीबीआई टीम ने डीएम से मुलाकात कर खनिज कार्यालय के पुराने रिकार्ड खंगाले थे और अवैध खनन से जुड़े दस्तावेज अपने साथ ले गए।
साथ ही सीबीआई ने जांच में फंसे सपा एमएलसी रमेश मिश्रा के गांव इमिलिया पहुंचकर उनके भाई दिनेश मिश्रा से पूछताछ की थी। इस मामले में सपा एमएलसी रमेश मिश्रा, तत्कालीन डीएम बी. चंद्रकला व उनके भाई दिनेश मिश्रा समेत 11 लोगों के खिलाफ 2 जनवरी 2019 को खनन घोटाले के मामले में सीबीआई एफआईआर दर्ज करा चुकी है। मौजूदा समय में सीबीआई पड़ोसी जिला फतेहपुर में डेरा जमाए हैं।
जिसकी सूचना मिलते ही अवैध खनन में संलिप्त मौरंग कारोबारियों में हड़कंप मचा है। याचिकाकर्ता विजय द्विवेदी ने बताया सीबीआई टीम पड़ोसी जिले फतेहपुर में मौरंग खनन की जांच कर रही है। एक सप्ताह के अंदर टीम के जिले में भी आने की संभावना है।