हमीरपुर। परिषदीय विद्यालयों के बच्चों में पढ़ने की आदत विकसित करने के लिए अब हर सप्ताह एक दिन वाचन दिवस (रीडिंग-डे) मनाया जाएगा। इस दिन कक्षा दो से आठ तक के छात्र-छात्राएं लाइब्रेरी में बैठकर पठन-पाठन करेंगे। यह व्यवस्था शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए तैयार किए गए नए शैक्षिक कैलेंडर में लागू की गई है।
बीएसए आलोक सिंह के अनुसार वाचन दिवस के दौरान शिक्षक भी बच्चों को उनकी कक्षा और रुचि के अनुसार पुस्तकें उपलब्ध कराएंगे। इस दिन छात्र-छात्राओं को केवल पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं रखा जाएगा बल्कि कहानी की किताबें, ज्ञानवर्धक पुस्तकें और अन्य रोचक सामग्री पढ़ने का अवसर दिया जाएगा। इससे बच्चों की शब्दावली बढ़ेगी और उनकी समझने की क्षमता भी बेहतर होगी।
वहीं शिक्षकों का कहना है कि कई बच्चों में पढ़ने की रुचि कम हो रही है। इसे ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है ताकि बच्चे किताबों से जुड़ें और सीखने की प्रक्रिया को आनंददायक बना सकें। बीएसए ने इसको लेकर स्कूलों को वाचन दिवस को प्रभावी ढंग से संचालित करने के दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।