मुख्यालय सहित ग्रामीण इलाकों में सोमवार रात करीब 10 बजे आई तेज आंधी से कई बिजली के पोल धरासाई हो गए। इसेक साथ ही जमकर बारिश हुई। जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। कुरारा कस्बे व देहात क्षेत्र में विद्युत लाइनों के एक दर्जन खंभे गिर जाने से विद्युत व्यवस्था ठप हो गई। बिजली न मिलने सेे एकल पेयजल की योजनाएं बंद होने से ग्रामीण क्षेत्रों में पानी का संकट रहा। आंधी से पावर कारपोरेशन को लाखों की क्षति हुई है।
क्षेत्र मे सोमवार की रात आई तेज आंधी से जहां पेड़, पौधे टूटकर गिर गए। वहीं कुरारा बेरी विद्युत लाइन के तीन खंभे गिर गए। मनकी फीडर में आठ खंभे टूट जाने से रात से आपूर्ति बाधित रही। जिससे गांव में संचालित एकल पेयजल योजना शोपीस बनी हुई हैं। अवर अभियंता विकास श्रीवास्तव ने बताया कि मनकी फीडर के आठ पोल व बेरी फीडर के तीन पोल टूट जाने से आपूर्ति व्यवस्था बाधित है। विभाग को खासा नुकसान हुआ है। इन फीडरों में युद्घ स्तर पर कार्य कराया जा रहा है।
उन्होंने बुधवार तक आपूर्ति व्यवस्था चालू किए जाने की बात कही। उधर तेज आंधी के कारण जगह-जगह पर पेड़ाें की डालें टूटकर सड़कों पर गिर गई। साथ ही मकानों में लगे टीन, टप्पर भी उड़ गए। इस घटना में विद्युत व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई और कई फीडरों की बिजली गुल होने से अंधेरा रहा। सुमेरपुर प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र में आंधी से जनहानि तो नहीं हुई, लेकिन पेड़ पौधे उखड़ने से नुकसान हुआ। रात में पंप कैनाल, टेढ़ा व मुंडेरा फीडर की लाइट फाल्ट के चलते बंद रही। जिससे लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ा। बारिश होने से सुबह का मौसम खुशगवार हो गया और मंगलवार को भी लोगों को गर्मी से राहत रही।