बेतवा नदी में सब्जी की बारियों में भरा पानी
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सूखे से जूझ रहे जिले में किसान बीते चार दिन से हो रही बारिश से ऊहापोह में हैं। खरीफ फसलों की बुआई को लेकर उन्हें जल्दी है। एक जुलाई से अब तक 122 एमएम बारिश हुई है। वहीं अन्य जिलों में हुई झमाझम बारिश के कारण बेतवा का जलस्तर भी बढ़ने लगा है। प्रति घंटा दो सेंमी की रफ्तार से पानी बढ़ने के कारण नदी की तलहटी में लगी सब्जी की बारियां भी डूब गई हैं।
पूरा जून माह गुजर जाने के बावजूद बारिश न होने से किसानों के चेहरों में मायूसी छाने लगी थी। वहीं जुलाई की शुरुआत किसानों के लिए अच्छी साबित हुई। रोजाना हो रही बारिश से किसानों की उम्मीदें जाग गई हैं। मगर चार दिन से लगातार हो रही रुक रुककर बारिश से अब किसान खेतों की बुआई को लेकर परेशान हैं।
उजनेड़ी गांव निवासी रामसेवक सिंह, गिरधारी आदि का कहना है कि लगातार बारिश होने से खेतों में बुआई करना मुश्किल लग रहा है। कहते हैं कि डर है कि कहीं बुआई के तुरंत बाद पानी बरस गया तो बीज डूबने की संभावना है। जिले में अब तक कुल 122 एमएम बारिश रिकार्ड की गई है।
वहीं अन्य जिलों में हुई झमाझम बारिश के कारण बेतवा नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। केंद्रीय जल आयोग के कर्मचारी हरविलास झां ने बताया कि बेतवा नदी का जलस्तर दो सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि अभी जलस्तर सामान्य है। नदी में जलस्तर बढ़ने से नदी किनारे लगी सब्जी की बारियां जलमग्न हो गई हैं।