मौदहा (हमीरपुर)। कोतवाली क्षेत्र के बम्हरौली गांव में सोमवार रात एक तांत्रिक ने तंत्रविद्या सिद्ध करने के चक्कर में अपनी गर्दन ही उतारनी चाही। गर्दन में चाकू चलते ही उसकी आवाज से परिजन जागकर मौके पर पहुंचे। गंभीर अवस्था में उसे कोतवाली लाए। वहीं से तुरंत उसे कस्बे के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसे सदर अस्पताल भेजा गया है।
बम्हरौली गांव निवासी मंगलू (45) गांव सहित क्षेत्र में तंत्रविद्या कर झांड़-फूं क करता है। सोमवार रात उसने अपने मकान में पूजा शुरू की। आधी रात बाद पूजा करते-करते चाकू से उसने अपना गला काटना चाहा। चाकू से गला कटते ही उसकी आवाज बंद हो गई, चाकू हाथ से छूट गया और गिड़गिड़ाने लगा। उसी समय पिता कोटा व परिजन वहां पहुंचे और उसके बाद उसे कस्बे के सरकारी अस्पताल ले गए। गंभीर हालत देखकर उसे तत्काल सरकारी एंबुलेंस से सदर अस्पताल हमीरपुर के लिए भेजा गया। गला इस हद तक कट चुका है कि वह बोलने की स्थिति में नहीं था और खून से लतपथ था। तांत्रिक के पिता कोटा ने पुलिस को बताया कि वह काफी समय से तंत्रविद्या का काम करता है। इसी के चलते बीती रात तंत्रमंत्र के चक्कर में उसने अपनी गर्दन काटकर देवी मां को चढ़ाने का प्रयास किया। प्रभारी कोतवाल रामाश्रय यादव ने बताया कि तंत्र विद्या के लिए उसने अपनी गर्दन काटनी चाही। फिलहाल उसे इलाज के लिए भेजा गया है।