शहर के चार व्यावसायिक प्रतिष्ठानों ने करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी की है। आयकर विभाग की कार्रवाई में ज्वैलर्स से लेकर पेट्रोल पंप तक के प्रतिष्ठानों में टैक्स चोरी पकड़ी गई है। दो प्रतिष्ठानों में तो एक करोड़ रुपये से भी ज्यादा की अघोषित संपत्ति पकड़ी गई, जबकि दो प्र्रतिष्ठानों में जांच की कार्रवाई देर रात तक जारी रही।
आयकर विभाग को नोटबंदी के दौरान और बाद में कई व्यावसायिक प्रतिष्ठानों द्वारा आयकर छुपाने की जानकारी मिली थी। यही वजह है कि शहर के कई व्यावसायिक प्रतिष्ठान आयकर विभाग के निशाने पर हैं। इसी क्रम में आयकर विभाग के सहायक निदेशक (जांच) डॉ. अजय शुक्ला के नेतृत्व में शहर के चार प्रतिष्ठानों के खिलाफ सर्वे की कार्रवाई की गई, जिनमें करोड़ रुपये से ज्यादा की अघोषित संपत्ति मिली। डॉ. अजय शुक्ला ने बताया कि गोलघर स्थित प्रतिष्ठान सजावट, माया ज्वैलर्स के अलावा ओंकार फर्नीचर और सोनबरसा स्थित एक पेट्रोल पंप पर सर्वे की कार्रवाई की गई है। ओंकार फर्निचर और माया ज्वैलर्स में करीब एक करोड़ रुपये की अघोषित संपत्ति मिली है।
दोनों प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार पेनाल्टी लगाई गई है वहीं सजावट और पेट्रोल पंप के कागजात और कंप्यूटर जब्त कर लिए गए हैं। आंकलन के बाद दोनों प्रतिष्ठानों के खिलाफ आयकर विभाग कार्रवाई करेगा। विभाग की जांच टीम में इनकम टैक्स इंस्पेक्टर आरके निषाद, महेंद्र श्रीवास्तव भी शामिल थे।