क्रिकेट में अपना भविष्य तलाश रहे खिलाड़ियों के लिए खुशखबरी है। अब जिला क्रिकेट लीग न सिर्फ भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) की देखरेख में होगी बल्कि बोर्ड इसका खर्च भी उठाएगा। बीसीसीआई के इस कदम से अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का मौका मिलेगा। साथ ही लीग के आयोजकों को वित्तीय संकट से निजात मिल जाएगी।
यही नहीं, जिला क्रिकेट संघ को खिलाड़ियों के प्रदर्शन और लीग की पूरी रिपोर्ट प्रदेश क्रिकेट संघ को भेजनी होगी। वहां से यह रिपोर्ट बीसीसीआई को भेजी जाएगी।
उत्तर प्रदेश क्रिकेट संघ के बैनर तले जिलों में क्रिकेट लीग का आयोजन कराया जाता है। हालांकि लीग का पूरा खर्च जिला संघ ही वहन करता था, लेकिन अब जिला स्तर पर आयोजित होने वाली इस लीग का खर्च बीसीसीआई की तरफ से उठाया जाएगा। लीग के आयोजन के पश्चात जिला क्रिकेट संघ को बीसीसीआई को पूरी रिपोर्ट भेजनी होगी।
इसमें लीग के खर्च के साथ-साथ किस टीम के खिलाड़ी का प्रदर्शन कैसा रहा, इसकी भी रिपोर्ट प्रदेश क्रिकेट संघ को भेजनी होगी। वहां से यह रिपोर्ट बीसीसीआई को भेजी जाएगी। इसके आधार पर खिलाड़ियों के प्रदर्शन का आंकलन किया जाएगा। इसके बाद प्रदेश स्तर पर आयोजित होने वाले ट्रॉयल में उन्हें उचित मौका दिया जाएगा। बता दें कि गोरखपुर और बस्ती मंडल में केवल गोरखपुर में ही क्रिकेट लीग का आयोजन होता है।
बीसीसीआई की तरफ से क्रिकेट लीग का खर्च उठाया जाएगा। इससे खिलाड़ियों और आयोजकों को बहुत मदद मिलेगी।
- शफीक अहमद सिद्दीकी, लीग आयोजक