जनसभा को संबोधित करते जयंत चौधरी
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जूनियर हाईस्कूल खलीलाबाद परिसर में सपा-बसपा-रालोद गठबंधन के प्रत्याशी भीष्मशंकर उर्फ कुशल तिवारी के समर्थन में आयोजित जनसभा में राष्ट्रीय लोकदल के उपाध्यक्ष जयंत चौधरी ने जहां सीएम योगी आदित्यनाथ को एंगर बाबा की उपाधि दी वहीं नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने भाजपा को बहुरुपियों की जमात बताया। दूसरी ओर बसपा के प्रदेश अध्यक्ष आरएस चौधरी ने महागठबंधन को जुमलेबाजों का जवाब बताया।
सभा में जयंत चौधरी ने कहा, योगी एंगर बाबा हैं। सब पर गुस्सा करते हैं। इसी कारण वह काला चश्मा पहने रहते हैं। जो उनके अनुसार नहीं चलता है उसे धमकाते हैं। यहीं काम प्रधानमंत्री भी कर रहे हैं। उन्होंने संविधान की रक्षा के लिए गठबंधन को मजबूत करने की जरूरत जताई और कहा कि प्रदेश में दो चरणों में हुई वोटिंग में गठबंधन के लिए शुभ संकेत मिले हैं। भाजपा पर हमला बोलते हुए जयंत ने कहा कि वर्ष 2014 के चुनाव में इन लोगों ने वादा किया था कि दो करोड़ युवाओं को प्रति वर्ष नौकरी देंगे। शिक्षा व स्वास्थ्य सुविधाओं में बढ़ोतरी करेंगे, किसानों की आय दोगुनी करेंगे, 14 दिन में बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान होगा, लेकिन कुछ नहीं हुआ। किसानों का अब भी 13 हजार करोड़ रुपये गन्ना मूल्य बकाया है। किसानों ने गन्ने की पैदावार बढ़ाई, लेकिन समर्थन मूल्य नहीं बढ़ा। चीनी बाहर के देशों से मंगाई जा रही है। साढ़े छह लाख टन दाल भी बाहर से मंगाई जा रही है। प्रज्ञा ठाकुर के बयान पर उन्होंने कहा कि भाजपा शहीदों का अपमान कर रही है। गाय लेकर जाने वाले को जान से मार दिया जा रहा है। जम्मू-कश्मीर में रेपिस्ट के पक्ष में भाजपा के मंत्री खड़े हो गए। जूताकांड के बाद संतकबीरनगर की छवि दुनिया में गिरी है।
नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी ने कहा कि भाजपा बहरूपियों की जमात है। प्रधानमंत्री वोट के लिए घूम-घूमकर अपनी जाति बता रहे हैं। इसमें भी वह अलग-अलग बयान दे रहे हैं। उनसे सतर्क रहने की जरूरत है। मोदी सरकार ने पांच वर्ष में एक भी वादा पूरा नहीं किया। भाजपा संकल्प पत्र जारी करती है और भूल जाती है, जबकि सपा-बसपा अपने घोषणा पत्र को लागू करने का काम करती है। उन्होंने कहा कि भाजपा गाय, गंगा, गोबर, गोकशी को मुद्दा बना रही है, विकास से उसका कोई लेना-देना नहीं है। भाजपा ने बड़े पैमाने पर अपने सीटिंग सांसदों का टिकट काटा, जबकि टिकट तो मोदी का कटना चाहिए, जो हर मोर्चे पर फेल साबित हुए हैं। बसपा के प्रदेश अध्यक्ष आरएस कुशवाहा ने कहा कि गठबंधन जुमलेबाजों को जवाब है। कालाधन लाने का वादा करने वाले प्रधानमंत्री अब खामोश हैं। हार के डर से सत्ताधारी नेता बौखला गए हैं और अभद्र टिप्पणी कर रहे हैं। नौजवानों को नौकरी देने के बजाय पकौड़ा बेचने की सलाह दे रहे हैं। गठबंधन पर हमला करने वाले प्रधानमंत्री खुद 40 दलों की सरकार का नेतृत्व कर रहे हैं।