फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से जोड़ने वाले गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे का काम 15 से होगा शुरू

Sat, 07 Dec 2019 11:32 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर।
विज्ञापन
express way - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
शहर को पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से जोड़ने वाले गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे का काम जिले के भीतर 15 दिसंबर से शुरू हो जाएगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर जिला प्रशासन ने इसे लेकर तैयारी तेज कर दी हैं।
विज्ञापन


लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए जिले में काश्तकारों की 563 हेक्टेअर जमीन का उत्तरप्रदेश एक्सप्रेस-वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) के नाम बैनामा किया जाना है। अभी तक कुल 435 हेक्टेअर जमीन बैनामा हो गई। 20 हेक्टेअर जमीन सरकारी है।

इसे भी बैनामा करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यानी जिले के भीतर अब तक 85 फीसदी से अधिक जमीन का बैनामा कराया जा चुका है। डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने अफसरों को निर्देश दिया है कि जल्द 90 फीसदी का टार्गेट पूरा कर लिया जाए ताकि तय समय से निर्माण शुरू कराया जा सके ।
विज्ञापन


भू- अध्याप्ति अधिकारी (एसएलओ) कार्यालय के मुताबिक सहजनवां में दो हेक्टेअर जबकि खजनी में 25 हेक्टेअर जमीन का बैनामा होना बाकी है। शुक्रवार को डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने दोनों तहसीलों के एसडीएम को बाकी बची जमीनों का जल्द बैनामा कराने का निर्देश देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा है कि 15 दिसंबर से जिले के भीतर निर्माण कार्य शुरू हो जाए। सहजनवां की एसडीएम ने बताया कि उनके तहसील क्षेत्र में बाकी बची दो हेक्टेअर जमीन को लेकर कोर्ट में मामला चल रहा है।

इसपर डीएम ने उन्हें सलाह दी कि वे संबंधित काश्तकारों को बुलाकर उनसे वार्ता करें और बताएं कि सरकार उनकी जमीन की मुंहमांगी कीमत दे रही है। यह जनहित का काम है, इसमें पेच फंसाने के बजाए सभी का सहयोग जरूरी है। बता दें कि चार दिसंबर को एनेक्सी भवन में आयोजित उद्यमी सम्मेलन में भी मुख्यमंत्री ने लिंक एक्सप्रेस-वे का निर्माण कार्य जल्द शुरू हो जाने की बात कही थी।

किसानों के खातों में भेजे जा चुके हैं 640 करोड़

गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के लिए जिले में 89 गांवों में जमीन का अधिग्रहण किया जाना है। इनमें खजनी में 84, सहजनवां में चार और सदर तहसील में एक गांव की जमीन किसानों से यूपीडा के नाम बैनामा की जानी है। अब तक जमीन बैनामा कर चुके किसानों के खाते में एसएलओ दफ्तर से कुल 640 करोड़ रुपये भेजे जा चुके हैं। 60 करोड़ रुपये स्टांप और करीब दो करोड़ रुपये रजिस्ट्री शुल्क पर खर्च हुए।

हरदत्तपुर का फिर से सीमांकन, दो हेक्टेअर ही जमीन ली जाएगी
पूर्व निर्धारित डिजाइन के मुताबिक खजनी तहसील के हरदत्तपुर गांव की करीब 15 हेक्टेअर जमीन यूपीडा के नाम की जानी थी। गांव के बड़े हिस्से की जमीन लिंक एक्सप्रेस-वे में जाती देख उस हिस्से की सड़क की डिजाइन बदलने के साथ ही गांव का फिर से सीमांकन कराया गया। अब वहां की दो हेक्टेअर जमीन ही यूपीडा के नाम की जाएगी।

91.35 किमी लंबा होगा लिंक एक्सप्रेस-वे, 2500 करोड़ खर्च होंगे
2500 करोड़ की लागत से 91.35 किलोमीटर लंबा यह लिंक एक्सप्रेस-वे गोरखपुर के जैतपुर से होते हुए आंबेडकर नगर में पूर्वांचल एक्सप्रेस से मिलेगा। इस एक्सप्रेस-वे के लिए गोरखपुर, आजमगढ़, संतकबीरनगर और अंबेडकर नगर के 169 गांवों की करीब 1018.15 हेक्टेअर जमीन का अधिग्रहण होना है। इसके अलावा ग्राम समाज की 80.36 हेक्टेअर जमीन यूपीडा के नाम की जाएगी। इसमें सबसे ज्यादा 563 हेक्टेअर जमीन गोरखपुर जिले की है।
विज्ञापन

एक झलक में

जिला गांवों की संख्या कुल क्षेत्रफल (हेक्टेअर में)
गोरखपुर 89 563
संतकबीरनगर 4 20.81
आजमगढ़ 41 243.76
आंबेडकर नगर 37 265.49

एक्सप्रेस-वे के दोनों ओर विकसित होगा औद्योगिक गलियारा
गोरखपुर में औद्योगिक विकास के लिए सरकार ने पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे से गोरखपुर को जोड़ने के लिए गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे के दोनों ओर औद्योगिक गलियारा बनाने का निर्णय लिया है। इसके तहत इस लिंक एक्सप्रेस-वे के दोनों ओर के 222 गांवों की जमीन का अधिग्रहण होना है। गीडा ने 96 गांवों के अधिग्रहण की अधिसूचना जारी कर दी है। वहीं यूपीडा भी इसकी तैयारी में लग चुका है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें