शहर में इलेक्ट्रिक बसों में सफर करने का लुत्फ जल्द ही मिल सकेगा। नगरीय परिवहन प्रणाली के तहत कैबिनेट ने इसके लिए मंजूरी दे दी है। नगर निगम ने इसके लिए रूट तय कर लिए हैं। बस की चार्जिंग के लिए स्टेशन वाली जगह भी चिह्नित कर ली गई है। प्रदेश सरकार से शहर में 25 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की मंजूरी मिल गई है।
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पहले इसके लिए महेसरा में जमीन की तलाश हुई थी, लेकिन लखनऊ से आए विशेषज्ञों ने संपर्क मार्ग संकरा होने के कारण इसे खारिज कर दिया। फिर मोगलहा में जमीन की तलाश पूरी हुई। नगर निगम के चीफ इंजीनियर सुरेश चंद ने बताया कि इस इलेक्ट्रिक चार्जिंग स्टेशन के लिए शेड, प्लेटफार्म, एप्रोच रोड समेत अन्य चीजों का निर्माण कराया जाएगा। कंस्ट्रक्शन एवं डिजाइन सर्विसेज (सीएंडडीएस ) की ओर से प्रदेश सरकार को करीब सवा छह करोड़ का प्रस्ताव भेजा गया है। साथ ही बिजली विभाग से भी प्रस्ताव मांगा है।
निर्धारित दो रूटों पर 12-13 बसें सुबह सात से रात के नौ बजे तक चलाई जाएंगी। स्टॉपेज का चयन भी हुआ है। जिस स्टॉपेज पर बस शेल्टर नहीं हैं, वहां इसे बनवा जाएगा। अगले चरण में बसों की संख्या में इजाफा होगा।
रानीडीहा- काली मंदिर- झुंगिया (रूट-1)
रानीडीहा तिराहा, एमएमएमयूटी, कूड़ाघाट, गुरुंग तिराहा, आरकेबीके, मोहद्दीपुर चौराहा, विश्वविद्यालय चौराहा, रोडवेज बस स्टेशन, रेलवे स्टेशन, यातायात तिराहा, काली मंदिर, पटेल चौराहा, धर्मशाला फ्लाईओवर, असुरन चौक, एचएन सिंह चौराहा, राप्तीनगर चौराहा, खजांची चौराहा, मुगलहा पेट्रोल पंप, मेडिकल कॉलेज, झुंगिया गेट, झुंगिया चौराहा तक।
मोगलहा में होगा चार्जिंग स्टेशन
मेडिकल कॉलेज के पास मोगलहा में इलेक्ट्रिक बसों का चार्जिंग स्टेशन बनेगा। एक एकड़ में बनने वाले इस स्टेशन के लिए करीब 6.25 करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। नगर निगम ने इस स्टेशन को तैयार करने की जिम्मेदारी कार्यदायी संस्थान कंस्ट्रक्शन एवं डिजाइन सर्विसेज (सीएंडडीएस) को दी है।