गोरखपुर। चिलुआताल क्षेत्र में बृहस्पतिवार की सुबह सुरक्षा गार्ड की लाश कमरे में कुंडी से लटकती मिली। घर पर वह तीन दिन से अकेले थे। गांव से आए भाई ने कमरे से बदबू आने पर सूचना पुलिस को दी। परिवार के लोगों ने बताया कि पत्नी और बच्चे के मायके में रहने के कारण वह तनाव में थे।
चिलुआताल प्रतिनिधि के अनुसार मानीराम के रहने वाले संदेश पांडेय (35) तीन भाईयों में सबसे बड़े थे। बाहर रहकर सुरक्षा गार्ड की नौकरी करते थे। प्रधानी चुनाव में गांव आए थे। मानसिक स्थिति ठीक न होने के कारण वह घर पर अकेले रहते थे। परिवार के लोग गांव में रेलवे लाइन किनारे स्थित दूसरे मकान में रहते थे।
29 फरवरी को आखिरी बार संदेश को उनके छोटे भाई अखिलेश ने कमरे में सोते हुए देखा था। बृहस्पतिवार की सुबह आठ बजे अखिलेश घर की सफाई करने पहुंचा था। कमरे की ओर से बदबू आने पर संदेश के कमरे में पहुंचा तो कुंडी से लटकती लाश देखी। सूचना घरवालों के साथ ही पुलिस कंट्रोल रूम को दी।
मौके पर पहुंचे एसओ को अखिलेश ने बताया कि उनकी भाभी शालू अपने छह साल के बेटे उत्कर्ष को लेकर खलीलाबाद, बखिरा के अहिरौली में स्थित भाई के घर रहती है। एसओ चिलुआताल रामपाल यादव ने बताया कि मामले की छानबीन चल रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद संदेश के मौत कारण और समय का पता चलेगा।