गोरखपुर। बीआरडी मेडिकल कॉलेज में 10 सितंबर को तीमारदार और जूनियर डॉक्टरों के बीच हुए बवाल, मारपीट के मामले में पुलिस ने शनिवार देर रात जूनियर डॉक्टरों पर केस दर्ज किया है। तीमारदार शिव कुमार की तहरीर पर पांच नामजद और सात-आठ अज्ञात डॉक्टरों के खिलाफ हत्या की कोशिश, मारपीट, लूट, 7 सीएलए सहित कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। विवेचना के दौरान अज्ञात डॉक्टरों के नाम सामने आने पर उन्हें भी नामजद किया जाएगा।
10 सितंबर को मेडिकल कॉलेज में जमकर मारपीट हुई थी। शाहपुर के इन्द्रप्रस्थपुरम कॉलोनी निवासी शिव कुमार सिंह ने पुलिस में शिकायत की कि उसकी चाची चंन्द्रवाती देवी को भर्ती कराया गया था। आरोप है कि 9 सितंबर की रात में दर्द ज्यादा होने पर डॉक्टरों को बुलाया गया लेकिन वे नहीं आए। अगले दिन उच्चाधिकारियों से शिकायत की बात कहने पर जूनियर डॉक्टर भड़क गए।
शिव कुमार के मुताबिक डॉक्टर राहुल सरीन, डॉ. अकिल अहमद, डॉ. विजय कुमार, डॉ. अभिषेक चंद, डॉ. मनोज कुमार ने अपने साथी डॉक्टरों के साथ मारपीट की और गाली दी थी। इसमें शिवकुमार, चचेरे भाई सुमित और अमित, मरीज को देखने आए अभिषेक मणि त्रिपाठी और चाची चंद्रावती देवी को चोट आई थी।
प्राचार्य की तहरीर पर दर्ज हुआ था केस
पुलिस ने मारपीट के इसी मामले में प्राचार्य डॉ. गणेश कुमार की तहरीर पर 11 सितंबर को केस दर्ज किया था। तब पुलिस ने अभिषेक मणि त्रिपाठी, इंद्रप्रस्थपुरम कॉलोनी निवासी अमित कुमार सिंह और सिवान बिहार के गोपाल सिंह को जेल भेजा था। पुलिस अब तक पांच लोगों को जेल भेज चुकी है।
तीमारदारों ने लगाया था तहरीर न लेने का आरोप
प्राचार्य की तहरीर पर केस दर्ज करने और गिरफ्तारी के दौरान तीमारदारों ने पुलिस पर एक पक्षीय कार्रवाई का आरोप लगाया था। आरोप था कि पुलिस उनकी तहरीर नहीं ले रही है।