चुनाव प्रचार कर लौट रहे सांसद का काफिला रोकना पुरैना के युवाओं को महंगा पड़ गया है। पांच दिन बाद सांसद रवींद्र कुशवाहा की तहरीर पर पुलिस ने गांव के पांच युवकों के खिलाफ नामजद केस दर्ज किया है। उधर, एक अन्य केस में सपा नेता पर आईटी एक्ट के तहत सांसद ने दर्ज कराया है। 18 अप्रैल की शाम पतलापुर गांव से सांसद रवींद्र कुशवाहा, विधायक काली प्रसाद समर्थकों के साथ लौट रहे थे।
पुरैना चौराहे पर गांव के कुछ युवकों ने काफिला रोककर नारेबाजी की। सांसद के खिलाफ आपत्तिजनक शब्द कहे और नोक-झोंक भी हुई। उसी दिन देर रात यह प्रचारित किया गया कि मामले में युवकों ने माफी मांग ली है, हालांकि में बाद में युवकों ने इससे इन्कार किया। इस मामले में मंगलवार को सांसद रवींद्र कुशवाहा ने सलेमपुर थाने में तहरीर दी।
कोतवाल सीपी जैसल के मुताबिक सांसद की तहरीर पर रंगोली दुबे, नितिन तिवारी, चंदन दुबे, अमित पांडेय और रोहिताश के विरुद्ध दुर्व्यवहार, मानहानि सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया है। वहीं, एक अन्य मामले में सोशल मीडिया में आपत्तिजनक टिप्पणी करने पर भलुअनी के पोखरभिंडा निवासी सपा नेता दशरथ सिंह पर आईटी एक्ट का केस दर्ज कराया गया।