गोरखपुर । भारतीय जनता पार्टी के सांसद साक्षी महाराज द्वारा मदरसों पर की गई टिप्पणी पर उलेमाओं ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है। उलमा तथा मदरसों की प्रबंध समिति से जुड़े लोगों ने साक्षी की सोच को अशोभनीय और संविधान विरोधी बताते हुए उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
शहर काजी मुफ्ती वलीउल्लाह ने कहा कि जो लोग मदरसों के बारे में नहीं जानते, वे ही इस तरह के गैर जिम्मेदाराना बयान दे सकते हैं । उन्होंने कहा की साक्षी महाराज पहले कुछ दिन मदरसे में आकर तालीम हासिल करें तो उनको खुद सच्चाई का आभास हो जाएगा । शहर काजी ने कहा की हम चंदे की मदद से मदरसे चलाते हैं और ऐसे ही मदरसों की तालीम से अब्दुल कलाम और अब्दुल हमीद आगे बढ़े हैं।
शरई पंचायत के चेयरमैन हकीम मुहम्मद अहमद ने मांग की है कि धार्मिक भावनाओं को भड़काने वाले इस बयान पर साक्षी महाराज के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए । उन्होंने इसके पीछे गहरी साजिश बताते हुए कहा की अपने मंत्रियों के रिपोर्ट कार्ड पर नजर रखने का दावा करने वाले प्रधानमंत्री को अपने सांसदों के जरिए फैलाई जा रही वैमनस्यता पर भी नजर रखनी चाहिए ताकि आपसी एकता बनी रहे।
मदरसा हुसैनिया दीवान बाजार के प्रबंधक और समाजवादी पार्र्टी के जिला सचिव हाजी तहव्वर हुसैन ने आजादी की लड़ाई में मदरसों की सराहनीय भूमिका का हवाला देते हुए कहा की मेरे मदरसे में तिरंगा लहराता है। राष्ट्रीय पर्व मनाए जाते हैं। मदरसों के राष्ट्र प्रेम पर शंका करना देश को कमजोर करना है। उन्होंने कहा कि यदि साक्षी महाराज को मालूम है कि ‘लव जेहाद’ के लिए पैसे विदेश से आ रहे हैं तो केन्द्र में उनकी सरकार है, जांच कराने के साथ इस पर रोक लगवानी चाहिए।