गोरखपुर। देवरिया के सपूत ने पश्चिम बंगाल में गोरखपुर यूनिवर्सिटी परचम लहरा दिया। आल इंडिया यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स प्रतियोगिता में सुनील ने गोरखपुर यूनिवर्सिटी के लिए कांस्य पदक जीता। इस प्रतियोगिता में सुनील का यह दूसरा पदक है। 2009-10 में भी सुनील ने गोरखपुर यूनिवर्सिटी के लिए कांस्य जीता था। सुनील की उपलब्धि इसलिए खास है कि इस प्रतियोगिता में पूरे भारत की 147 यूनिवर्सिटी शामिल हैं।
यह जानकारी देते हुए गोरखपुर यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स टीम के कोच राजवीर सिंह ने बताया कि आल इंडिया यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स प्रतियोगिता कल्याणी यूनिवर्सिटी पश्चिम बंगाल में चल रही है। उन्होंने बताया कि सुनील स्वर्ण पदक से चंद सेकेंड दूर रहा गया। गोरखपुर यूनिवर्सिटी में प्राचीन इतिहास एमए प्रथम वर्ष का छात्र सुनील एथलेटिक्स कोच राजवीर सिंह की देखरेख में तैयारी करता है। देवरिया के रहने वाले सुनील ने इससे पूर्व 2009-10 में चेन्नई में आयोजित आल इंडिया यूनिवर्सिटी एथलेटिक्स मीट में भी कांस्य पदक जीता था। सुनील की इस उपलब्धि पर गोरखपुर यूनिवर्सिटी के कुलपति प्रो. पीसी त्रिवेदी, क्रीड़ा परिषद के अध्यक्ष डॉ. रजनीकांत, उपाध्यक्ष डॉ. विनीता पाठक, सचिव डॉ. सुधीर श्रीवास्तव, संयुक्त सचिव डॉ. विजय आदि ने प्रसन्नता जताई।
सुकन्या के बाद सुनील
देवरिया के दो एथलीटों ने राष्ट्रीय स्तर पर गोरखपुर को पहचान दिलाई है। महिला वर्ग में सुकन्या मल्ल और पुरुष में सुनील। चेन्नई में जब सुनील ने पदक जीता था उस समय सुकन्या ने दस हजार मीटर दौड़ में गोरखपुर यूनिवर्सिटी के लिए पहला स्वर्ण पदक जीता था।