गोरखपुर। गोरखपुर औद्योगिक विकास प्राधिकरण (गीडा) की नई मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) हर्षिता माथुर ने बुधवार को पदभार संभाल लिया। विभागीय अधिकारियों, कर्मचारियों से परिचय प्राप्त करने के साथ ही उन्होंने गीडा में संचालित उद्योग और संसाधनों का फीडबैक लिया। इसके बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि गीडा के विकास पर लंबे समय से लगा ब्रेक हटाया जाएगा। गोरखपुर एवं उसके आस-पास की भौगोलिक स्थिति और बाजार का अध्ययन कर नए उद्योग स्थापित किए जाएंगे। इसके लिए स्थानीय उद्यमियों से बातकर डिटेल प्रोजेक्ट तैयार किया जाएगा और जल्द ही गीडा बोर्ड की बैठक बुलाई जाएगी।
उन्होंने कहा कि गीडा के विकास के लिए हर संभव प्रयास किया जाएगा। ज्वलंत समस्याओं का समाधान पहली प्राथमिकता होगी। प्रदूषण को लेकर हाल के दिनों में गीडा पर एनजीटी की सख्ती के संदर्भ में उन्होंने कहा कि एनजीटी के नियमों को लेकर सतर्कता बरती जाएगी और उनका कड़ाई से पालन भी कराया जाएगा। फैक्ट्रियों से निकलने वाले दूषित पानी के शोधन के लिए कारगर कदम उठाए जाएंगे, ताकि नदियां दूषित न हों। सभी के सहयोग से बड़ा बदलाव बहुत जल्द देखने को मिलेगा। इसके लिए सभी कर्मचारियों को निर्देश भी दिया गया है।
मध्य प्रदेश के भोपाल से शिक्षा ग्रहण कर वर्ष 2013 में भारतीय प्रशासनिक सेवा में चयनित हुई हर्षिता इससे पहले बस्ती में सीडीओ थीं। वह मेरठ, मुरादाबाद और इलाहाबाद में एसडीएम भी रह चुकी हैं।