नगर निगम चुनाव से बड़ी जीत भाजपा को कार्यकारिणी में मिली है। भाजपा ने 40 पार्षदों का समर्थन हासिल करते हुए कार्यकारिणी के सात सदस्य निर्विरोध निर्वाचित कराने में सफलता हासिल कर ली। कार्यकारिणी में अब भाजपा का बहुमत हो गया। इसके साथ ही भाजपा की जिम्मेदारी भी बढ़ गई है। विकास कार्यों में विपक्ष के रोड़ा अटकाए जाने की बात नहीं की जा सकेगी। मेयर, कार्यकारिणी के सदस्य जो चाहेेंगे, वह आसानी से करा लेंगे। नगर निगम चुनाव में भाजपा के 27 पार्षद प्रत्याशी चुनाव जीतकर आए थे।
नगर निगम बोर्ड की पहली बैठक शनिवार को हुई। इसमें कार्यकारिणी के चुनाव कराए गए। मेयर सीताराम जायसवाल और सभी पार्षद सदन में जुटे। कार्यकारिणी के 12 सदस्यों के निर्धारित पद के लिए एक-एक करके 14 पार्षदों ने पर्चा भर दिया। सबसे ज्यादा आठ नामांकन भाजपा पार्षदों ने कराए। सपा से पांच और बसपा से एक नामांकन कराए गए। भाजपा से ज्यादा नामांकन पर सपा में खलबली बच गई। क्रास वोटिंग का डर सताने लगा।
इसी का नतीजा रहा कि सपा ने बातचीत का रास्ता अपनाया। भाजपा नेता भी बैठे और आपसी सहमति से एक-एक प्रत्याशी का नामांकन वापस लेने का फैसला किया गया। भाजपा से राजेश त्रिपाठी और सपा से इरशाद अहमद ने नामांकन वापस लिया। इसके बाद चुनाव मैदान में 12 उम्मीदवार ही बचे। इसी वजह से चुनाव अधिकारी बृजेश सिंह ने निर्विरोध चुनाव की घोषणा कर दी। इसके मुताबिक भाजपा के सात, सपा के चार और बसपा के एक कार्यकारिणी सदस्य का चुनाव हुआ है। कांग्रेस का हाथ खाली है।
नगर निगम की नियमावली के हिसाब से देखा जाए तो सात सदस्यों का चुनाव करीब 40 पार्षद करते हैं। इसके सहारे ही भाजपा ने बहुमत हासिल कर लिया। एक निर्दलीय मुस्लिम पार्षद ने भी भाजपा को समर्थन दिया है। हालांकि सपा की रणनीति भी कामयाब रही है। सपा के 17 पार्षद चुनाव जीतकर आए थे लेकिन पार्टी ने पांच कार्यकारिणी सदस्यों को निर्वाचित कराने में सफलता हासिल कर ली। माना जा रहा है कि कांग्रेस के दो पार्षदों ने सपा को समर्थन दिया होगा। निर्दलीय मुस्लिम पार्षद का समर्थन भी सपा को मिला है।
मेयर ने दी बधाई
मेयर सीताराम जायसवाल ने नवनिर्वाचित कार्यकारिणी सदस्यों को बधाई दी, साथ ही कहा कि शहर का विकास उनकी प्राथमिकता है। इस पर मिल-जुल कर आगे बढ़ा जाएगा। शहरवासियों की निगाहें शहर के विकास पर हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शहर से इस बार नगर निगम में बड़ी संख्या में नए सदस्य चुनकर आए। सबका एजेंडा विकास ही है।
कार्यकारिणी के सदस्य
भाजपा- जितेंद्र सैनी, देवेंद्र गौड़ ‘पिंटू’, राधेश्याम रावत, संजय श्रीवास्तव, ऋषि मोहन वर्मा, बृजेश सिंह ‘छोटू’ और चंद्रशेखर सिंह
सपा- विश्वजीत त्रिपाठी, संजय यादव, शहाब अंसारी, अशोक यादव
बसपा- रीता यादव
सदन में गूंजा ‘जय श्री राम’
गोरखपुर। नगर निगम कार्यकारिणी के निर्वाचित सदस्यों के नाम के एलान होने के साथ ही नगर निगम सदन में ‘जय श्री राम’ का नारा गूंजने लगा। सीएम योगी आदित्यनाथ के समर्थन में भी जमकर नारेबाजी हुई। इसके बाद सदन में नारे लगाने की होड़ लग गई। सपा पार्षद सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव तो बसपा पार्षद बसपा सुप्रीमो मायावती के समर्थन में नारेबाजी करने लगे। इस दौरान सदन में सभी दलों के समर्थक भी पहुंच गए। कुछ देर बाद निगम परिसर में मौजूद पुलिस ने समर्थकों को सदन से बाहर निकाला।
पार्षद की पुलिस से नोंकझोंक
हंगामा शांत करने के दौरान एक पुलिस अधिकारी की नवनिर्वाचित पार्षद सवी कुमार चौहान के साथ नोंकझोंक हो गई। चौहान ने पुलिस अधिकारी से कहा कि बिना पहचाने किसी के साथ भी बदतमीजी करना सही नहीं है। इसके बाद निगम कर्मचारी और मेयर के व्यक्तिक सहायक मो. आरिफ सिद्दीकी ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया।
सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम
कार्यकारिणी चुनाव के मद्देनजर नगर निगम सदन में पर्याप्त संख्या में पुलिस बल भी मौजूद रही। मजिस्ट्रेट भी रहे। पहली दफा नगर निगम परिसर में इतनी बड़ी संख्या में पुलिस बल नजर आई।
मंच पर लगी थी सीएम की कुर्सी
नगर निगम बोर्ड में पांच पदेन सदस्य हैं। इनमें सीएम योगी आदित्यनाथ, राज्यसभा सदस्य शिवप्रताप शुक्ल, नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल, ग्रामीण विधायक विपिन सिंह और विधान परिषद सदस्य देवेंद्र प्रताप सिंह शामिल हैं। नगर निगम सदन में सीएम योगी की कुर्सी मंच पर लगी हुई थी। वहीं अन्य पदेन सदस्यों की कुर्सी ठीक डायस के सामने नीचे।
पदेन सदस्यों को वोट डालने की नौबत नहीं आई
नगर निगम बोर्ड बैठक के दौरान राज्यसभा सदस्य शिवप्रताप शुक्ल शहर में आ तो गए थे, लेकिन वोट डालने की नौबत नहीं आने की वजह से वह सदन में नहीं पहुंचे। विधान परिषद सदस्य देवेंद्र प्रताप सिंह निगम परिसर में तो थे, लेकिन सदन में नहीं आए।
बहुमत बोर्ड की वजह से समस्याओं के निस्तारण में आसानी: मेयर
नगर निगम कार्यकारिणी समिति के चुनाव में भाजपा का पूर्ण बहुमत का बोर्ड बनने के मेयर सीताराम जायसवाल ने सभी पार्षदों को बधाई दी। कहा कि यह पहली बार नगर निगम में भारतीय जनता पार्टी का ऐतिहासिक बहुमत के साथ बोर्ड बना है। इससे निश्चित ही गोरखपुर के विकास आसानी होगी।
कार्यकारिणी के भाजपा सदस्यों को केंद्रीय मंत्री ने बधाई दी
केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री शिव प्रताप शुक्ल ने नवनिर्वाचित कार्यकारिणी के भाजपा सदस्यों को बधाई दी। साथ ही शहर के विकास व जनता की उम्मीदों पर पूरी तरह से खरा उतरने की आशा व्यक्त की। बधाई देने वालों में भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष उपेंद्र दत्त शुक्ल, संगठन मंत्री शिवकुमार पाठक, महानगर अध्यक्ष राहुल श्रीवास्तव, एमएलसी देवेंद्र प्रताप सिंह, नगर विधायक डॉ. आरएमडी अग्रवाल, ग्रामीण विधायक विपिन सिंह, क्षेत्रीय मंत्री डॉ. धर्मेंद्र सिंह, रमेश प्रताप गुप्ता, विश्वजीत सिंह, राजेश गुप्ता, देवेश श्रीवास्तव, शशिकांत सिंह, वीरेंद्र पांडेय आदि शामिल हैं। वहीं इसके बाद सभी चुने गए सभी सदस्यों ने गोरखनाथ मंदिर में जाकर दर्शन कर आशीर्वाद लिया।