एपी इंटर कॉलेज मनकापुर में छात्राओं की जांच करतीं शिक्षिका। -संवाद
गोंडा। ...आपके केंद्र का कैमरा ऑफलाइन है। डिस्प्ले का वीडियो बनाकर भेजिए...। लॉगिन व पासवर्ड भेजिए...। क्षेत्रीय कार्यालय गोरखपुर से फोन आ रहा है। इसी तरह से परीक्षा केंद्रों पर छात्राएं बुर्का पहनकर पहुंचीं तो उन्हें उतारने के बाद ही प्रवेश दिया गया। इसके साथ ही इलेक्ट्राॅनिक डिवाइस, फोन, घड़ी आदि पर पूरी मुस्तैदी से नजर रखी गई। पहली बार बोर्ड परीक्षा में शामिल होने के बाद विद्यार्थी बाहर निकले तो उनके चेहरे पर रौनक दिखाई दी। जीआईसी समेत सभी 149 परीक्षा केंद्रों पर कड़ी निगरानी में परीक्षा कराई गई।
सुबह सात बजे ही शहर के रोडवुड इंटर कॉलेज के बाहर छात्रों का जमावड़ा शुरू हो गया। टाॅमसन और जीजीआईसी के बाहर भीड़ थी। शिक्षकों ने कहा, 07:30 के बाद ही प्रवेश दिया जाएगा। जीजीआईसी में चैंबर्स मेमोरियल, महर्षि अरविंद, गुरुनानक समेत कई विद्यालयों के छात्राएं परीक्षा देने के लिए पहुंच रही थीं। कुछ छात्राएं बुर्का पहनकर बोर्ड परीक्षा देने पहुंचीं तो उन्हें गेट पर ही रोक दिया गया। कहा गया कि पहले बुर्का उतारकर बाहर रखो। इसके बाद परीक्षा केंद्र में प्रवेश मिलेगा। छात्राओं के बुर्का उतारने के बाद उन्हें परीक्षा केंद्रों में प्रवेश दिया गया।
डीआईओएस के ऑनलाइन कंट्रोल रूम के साथ ही ऑफलाइन कंट्रोल रूम से केंद्रों पर नजर रखी गई। हालांकि केंद्र ऑनलाइन नहीं होने से लखनऊ व गोरखपुर से भी फोन कॉल के बाद उन्हें सक्रिय किया गया। कंट्रोल रूम प्रभारी सुनीता श्रीवास्तव ने बताया कि उनकी टीम पूरी सख्ती बरत रही है।
केंद्रों पर दिखी अव्यवस्था, एक सीट पर तीन को बैठाया
कंट्रोल रूम से कई केंद्रों पर अव्यवस्था दिखाई दी। एक सीट पर तीन-तीन विद्यार्थी बैठे दिखने पर कंट्रोल रूम की टीम ने फोन पर संपर्क किया। इस दौरान केंद्र व्यवस्थापक ने बताया कि जगह के अभाव में तीन बच्चों को बैठाया गया। दोनों तरफ हाईस्कूल व बीच में इंटर का छात्र बैठाने की जानकारी दी। इसी तरह से मधईपुर के एक केंद्र पर कुर्सी पर काॅपी रखकर छात्र बोर्ड की परीक्षा देता नजर आया। हालांकि कंट्रोल रूम की निगरानी के बाद वहां केंद्र व्यवस्थापक से जानकारी ली गई।
निगरानी में लगे कर्मचारियों ने बताया कि कमजोर नेटवर्क से समस्या आ रही है। मुख्यालय पर ऑफलाइन होने के बावजूद संबंधित परीक्षा केंद्रों पर सीसीटीवी कैमरे की रिकार्डिंग सुरक्षित की जा रही है। उनका कहना है कि नेटवर्क के चलते लगातार परेशानी हो रही है।
सतर्क रही पुलिस, परीक्षा छूटने के बाद बहाल कराई यातायात
शहर से लेकर कस्बे व परीक्षा केंद्रों के आसपास पुलिस पूरी तरह से सक्रिय रही। परीक्षा छूटने के बाद केंद्रों के आसपास जाम की स्थिति पैदा हो गई। हालांकि पुलिस की मुस्तैदी से यातायात सुचारु कर दिया गया। एसपी विनीत जायसवाल ने बताया कि बोर्ड परीक्षा सकुशल कराने के लिए पांच सीओ के साथ ही थाना प्रभारी और 102 उपनिरीक्षक, 129 मुख्य आरक्षी, 135 आरक्षी व 97 महिला आरक्षियों की ड्यूटी लगाई गई है। सभी केंद्रों पर सतर्कता बरती गई है।