गोंडा। नगर कोतवाली पुलिस ने उत्तर प्रदेश स्टेट कोऑपरेटिव बैंक की गोंडा शाखा में 21.47 करोड़ रुपये के घोटाले में आरोपी एक महिला को रविवार सुबह उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। महिला के पति समेत तीन आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। अन्य 11 आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम लगाई गई है।
घोटाले के विवेचक व नगर कोतवाली के अपराध निरीक्षक सभाजीत सिंह ने बताया कि घोटाले में आरोपी गीता निवासी इमिलिया गुरुदयाल को रविवार सुबह उसके घर से गिरफ्तार किया गया है। जांच में पाया गया कि आरोपी गीता के खाते में घोटाले के 29.85 लाख रुपये ट्रांसफर किए गए थे। इससे पूर्व 18 जनवरी को आरोपी बैंक प्रबंधक पवन पाल निवासी अयोध्या, राघवराम निवासी बहलोलपुर, कोतवाली देहात व गीता के पति शिवाकांत वर्मा को गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं, बैंक प्रबंधक पवन पाल की आरोपी मां सुमित्रा की मौत हो चुकी है।
मामला कोऑपरेटिव बैंक की गोंडा शाखा में ऋण वितरण में अनियमितता और धोखाधड़ी से जुड़ा है। सहायक महाप्रबंधक की शिकायत पर दर्ज एफआईआर में सामने आया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक पवन कुमार पाल ने बैंक कर्मचारियों व खाताधारकों के साथ मिलकर सुनियोजित तरीके से फर्जी दस्तावेजों के आधार पर नियमों के विपरीत ऋण स्वीकृत कराए। जांच में 205 खातों व पांच आंतरिक खातों से 21.47 करोड़ रुपये के गबन का खुलासा हुआ था।