गोंडा। बारिश और बाढ़ की समस्याओं से जूझ रहे ग्रामीण चकबंदी प्रक्रिया शुरू होने से परेशान हैं। मामला बाढ़ प्रभावित गांव ऐली परसौली का है, जहां बाढ़ के समय में चकबंदी अधिकारी ने चक काटने के लिए सर्वे शुरू कर किया है। ऐली बाढ़ से घिरा है और वहां चक तय करना आसान नहीं है। ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे माहौल में चक तय करने में कई तरह की कमियां रह सकती हैं। खेतों में पानी भरा है। पशुओं का चारा बर्बाद हो चुका है। ऐसे में गांव के लोग पशुओं को लेकर दूरदराज के सुरक्षित इलाकों में ठिकाना बनाए हैं। इस समय हो रहे सर्वे के दौरान ग्रामीण मौके पर नहीं मिल सकते। गांव के दिनेश कहते हैं कि ऐसे समय जमीन का स्थलीय सत्यापन संभव नहीं है। बिना स्थलीय सर्वे के चिह्नांकन नहीं किया जा सकता है।
बंदोबस्त अधिकारी चकबंदी देवेंद्र सिंह का कहना है कि ऐली परसौली में चक तय करने की प्रक्रिया चल रही है। जिन गावों में बाढ़ है, वहां चक तय करने की प्रक्रिया बारिश के बाद ही पूरी की जाएगी।