इटियाथोक। बलरामपुर चीनी मिल से सोमवार रात गन्ने की तौल कराकर घर लौटते समय महराजगंज-लक्ष्मनपुर मार्ग पर ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बने गड्ढे में पलट गई। हादसे में ट्रैक्टर के नीचे दबने से बसंतपुर राजा बाबापुरवा निवासी किसान सुरेश गोस्वामी (50) की मौत हो गई। मंगलवार को परिजनों ने गांव के पास ही उनका अंतिम संस्कार कर दिया।
ग्राम प्रधान हारुननिशा ने बताया कि सुरेश अपने छोटे भाई महेश गोस्वामी के साथ सोमवार शाम दो अलग-अलग ट्रैक्टरों पर गन्ना लादकर बलरामपुर चीनी मिल गए थे। देर रात दोनों घर लौट रहे थे। महराजगंज–लक्ष्मणपुर मार्ग पर एक निजी स्कूल के पास सुरेश का ट्रैक्टर अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बने गड्ढे में पलट गया। घर पहुंचने पर जब महेश को पता चला कि सुरेश अभी तक घर नहीं पहुंचे, तो वह अन्य ग्रामीणों के साथ खोज करते हुए मौके पर पहुंचे। वहां ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटी मिली और सुरेश उसके नीचे दबे हुए थे। ग्रामीणों की मदद से ट्रॉली हटाकर सुरेश को बाहर निकाला गया लेकिन मौके पर ही उनकी मौत हो चुकी थी एसओ इटियाथोक कृष्ण गोपाल राय का कहना है कि इस घटना के बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है।
कई बीघा में करते थे गन्ने की खेती, मिल ने किया था सम्मानित
ग्राम प्रधान ने बताया कि सुरेश गोस्वामी मेहनती किसान थे। उनके पास स्वयं की 25 बीघा जमीन थी और उन्होंने करीब 100 बीघा में बंटाई पर लेकर गन्ने की खेती कर रखी थी। बेहतर गन्ना उत्पादन के लिए बीसीएम (बलरामपुर चीनी मिल्स) ग्रुप ने पिछले वर्ष उन्हें सम्मानित भी किया था। क्षेत्र में वे एक प्रगतिशील किसान के रूप में जाने जाते थे।
परिवार में कोहराम, पत्नी बेहोश होकर गिरी
सुरेश का शव घर पहुंचते ही कोहराम मच गया। पत्नी अमिरता रोते-रोते कई बार बेहोश हो गईं। सुरेश के दो पुत्र अरुण और तरुण हैं, जो पिता की मौत की खबर सुनकर बेसुध हो गए।