परसपुर (गोंडा)। कंडरु ग्राम पंचायत के सिंगहा दिकौली पूरे पैदामी गांव के एक घर में चार दिन पूर्व हुए विस्फोट में खाना पकाते समय रसोई गैस सिलेंडर से विस्फोट होनेे बताया गया था। मगर मंगलवार को फोरेंसिक टीम की जांच के दौरान जब मलबा हटाय गया तो मौके पर सिलेंडर विस्फोट का एक टुकड़ा भी नहीं मिला। अब यह सिलेंडर विस्फोट का दावा ही संदेह के घेरे में आ गया है। जो क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।
सोमवार को ग्राम कंडरु के सिंगहा दिकौली पूरे पैदामी निवासी बरसाती के घर दोपहर खाना बनाते वक्त सिलेंडर विस्फोट की बात बताई गई थी। जिसमें मां-बेटी की मौत और चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे। विस्फोट इतना तीब्र था कि मकान की छत व दीवारे ढह गई थीं। सूचना पर मौके पर एएसपी, एसडीएम करनैलगंज, सीओ करनैलगंज व थाना परसपुर के प्रभारी निरीक्षक मौके पर पहुंच जांच पड़ताल की थी।
घटना के दूसरे दिन मंगलवार को थाना परसपुर पुलिस के साथ फोरेंसिक टीम प्रभारी ने मौके पर पहुंच प्रकरण की जांच पड़ताल कर फोटोग्राफ्स व नमूना लिया था। सिलेंडर विस्फोट की बात सामने आई थी। पुलिस ने विस्फोट के बाद सिलेंडर के मलवे में दबे होने की बात कही थी। मगर मंगलवार को जब मलवा हटाया गया तो सिलेंडर नहीं मिला। इससे सिलेंडर विस्फोट की घटना संदेह के घेरे में आ गई है। अपर पुलिस अधीक्षक महेन्द्र कुमार ने बताया कि अभी जांच चल ही रही है, विस्फोट कैसे हुआ इसका खुलासा कर लिया जाएगा।