शहर कोतवाली के बस स्टाॅप के निकट एक होटल में मिला युवक का शव
सरयू नहर खंड-4 के बस्ती में कार्यरत पिता के निधन के बाद मिलनी थी नौकरी
देवरिया के बरहज थाना कस्बा निवासी संदीप दो दिनों से था रुका होटल में
संवाद न्यूज एजेंसी
गोंडा। सिंचाई विभाग में मृतक आश्रित की नौकरी के लिए दौड़ रहे युवक की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। देवरिया के बरहज थाना क्षेत्र के कस्बा निवासी संदीप कुमार (36) दो दिनों से बस स्टॉप के पास एक होटल में रिश्तेदार के साथ रुका था। बुधवार की सुबह उसका शव होटल के कमरे में मिला। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। नगर कोतवाल मनोज पाठक ने बताया कि मौत का कारण पीएम रिपोर्ट से स्पष्ट होगा। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बस स्टाॅप के पास एक होटल में संदीप कुमार अपने रिश्तेदार अजय निवासी बढ़िया थाना फुलवरिया जिला देवरिया के साथ मंगलवार को आया था। संदीप के पिता रामशंकर सरयू नहर खंड-4 बस्ती में तैनात थे जिनका चार माह पूर्व निधन हो गया। यह क्षेत्र अधीक्षण अभियंता क्षेत्र गोंडा के अधीन है। पिता की जगह नौकरी के लिए संदीप बीते दो महीने से दौड़ लगा रहा था। इस बार वह तय करके आया था कि नौकरी से संबंधित मामले का निस्तारण कराकर ही जाएगा। इसलिए वह अपने साथ ही साढ़ू अजय कुमार को भी लेकर सोमवार को आया था।
मंगलवार को अधीक्षण अभियंता से मिलने के बाद शाम को दोनों खाना खाकर हाेटल के कमरे में सो गए। उसके रिश्तेदार अजय ने बताया कि जब वह सुबह करीब साढ़े बजे उठा तो देखा कि संदीप के मुंह से खून जैसा कुछ गिरा है और वह अचेत अवस्था में है। लेकिन वास्तव में उसकी मौत हो चुकी थी। इसकी जानकारी उसने होटल प्रबंधक और पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने उससे पूछताछ की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मृतक आश्रित नियुक्ति को लेकर परेशान था संदीप
सिंचाई विभाग के सरयू नहर खंड चार में मृतक आश्रित की नियुक्ति का मामला दो महीने से लटका था जिसको लेकर संदीप परेशान था। मंगलवार को जब अधीक्षण अभियंता मनोज साहू से युवक मिला था तो उन्होंने जल्द प्रक्रिया पूरी करने का आश्वासन दिया था। इसके बाद उम्मीद बढ़ गई थी जल्द ही नौकरी मिल जाएगी। अभिलेखों के सत्यापन पूरे होने में ही देरी थी। इससे पहले ही युवक की मौत हो गई।
प्रक्रिया के लिए बुलाया था
मृतक आश्रित के प्रकरण का निस्तारण कराने के लिए बुधवार को संदीप कुमार को कार्यालय बुलाया गया था। अभिलेखों के सत्यापन की प्रक्रिया चल रही थी, हस्ताक्षर कराकर नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी की जानी थी। सुबह ही मौत की सूचना मिली। अब परिजनों से वार्ता कर आगे की कार्यवाही पूरी की जाएगी। -मनोज साहू, अधीक्षण अभियंता, सिंचाई विभाग