किसानों की फसलें सूख रही हैं। पशु-पक्षी पानी के लिए इधर-उधर भटक रहे हैं। विभाग की उदासीनता के कारण राजकीय नलकूप सफेद हाथी साबित हो रहे हैं। किसानों को सिंचाई की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए कटरा बाजार विकास खंड के 67 ग्राम पंचायतों में कुल 14 राजकीय नलकूप लगे हैं जिसमें विभाग की लापरवाही के कारण छह नलकूप खराब हैं। ग्रामीणों ने नलकूप ठीक कराने की मांग की है।
भीषण गर्मी में किसानों को फसल की सिंचाई के लिए जल की आवश्यकता जितनी बढ़ी है, विभाग द्वारा उनकी आवश्यकताओं की उतनी ही अनदेखी की जा रही है।
कहने को कटरा बाजार ब्लॉक में 14 राजकीय नलकूप जिनमें जमथरा प्रथम व जमथरा द्वितीय, कटौली, नैनकटौली, सरैंया, दुबहा बाजार, भरथाइटहिया में दो, मोहम्मदपुर, नदावा, पूरेबदल, रामापुर, सर्वांगपुर व बरुईगोंदहा में लगे हैं, परंतु इनमें से छह राजकीय नलकूप विभिन्न कारणों से बंद पड़े हैं।
दुबहा बाजार के प्रधान प्रतिनिधि मोहर्रम अली ने बताया कि दुबहा बाजार में लगा नलकूप पिछले कई महीनों से नहीं चला है, जिससे किसानों की सब्जी सूख रही है।
लक्ष्मणपुर के धनीराम तिवारी का कहना है कि कटौली का नलकूप न चलने से गन्ने की फसल सूख रही है। इस महंगाई में किसान इंजन से सिंचाई करने को विवश हैं। सरैंया के पवन सिंह का कहना है कि सरैंया में लगा नलकूप सफेद हाथी बना है। इसके न चलने से किसान की सब्जी की फसल सूख रही है।
क्षेत्र पंचायत सदस्य भरथा के श्रवण कुमार तिवारी ने बताया कि किसानों को मुफ्त में सिंचाई व्यवस्था देने के लिए सरकार द्वारा भरथा-इटहिया में दो राजकीय नलकूप लगाए गये थे जो पिछले कई वर्षों से बंद पड़े हैं।
मोहम्मदपुर के कप्तान मौर्या ने बताया कि यहां लगे नलकूप का छह माह पूर्व ट्रांसफार्मर जल गया था, जो आज तक सही नहीं हुआ। ग्रामीणों ने नलकूप ठीक कराने की मांग की है।