फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शिक्षक भर्ती फर्जीवाड़े की जांच में एसआईटी ने दो स्कूल खंगाले

विज्ञापन
विज्ञापन
गोंडा। जिले के सहायता प्राप्त 28 स्कूलों में शिक्षक भर्ती की जांच के लिए एसआईटी टीम ने जिले में डेरा डाल दिया है। टीम सोमवार को जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में सुबह पहुंची और कर्मचारियों से जानकारी हासिल की। दो लिपिकों से स्कूलों के बारे में पूछताछ की और फिर स्कूलों की जांच के लिए निकल पड़े। बताया जा रहा है कि दो स्कूलों में पहुंचकर छानबीन की, लेकिन कोई अहम जानकारी नहीं मिल सकी। फिलहाल टीम ने डेरा डाल दिया है और स्कूलों के प्रबंधकों व प्रधानाचार्यों से अभिलेख लेने की कवायद में जुटे हैं।
विज्ञापन

शासन ने जिले के 28 सहायता प्राप्त स्कूलों में नियुक्त हुए शिक्षकों में फर्जीवाडे़ की जांच के आदेश दिए हैं। बीते 12 फरवरी को तत्कालीन बीएसए मनिराम सिंह ने बयान भी दर्ज कराया था और कुछ स्कूलों के अभिलेख भी दिए थे। जिले के 28 स्कूलों में कार्यरत 146 शिक्षकों में 76 कर्मचारियों की नियुक्ति के अभिलेख ही नहीं मिले और 83 कर्मचारियों के चयन के विज्ञापन नहीं मिले थे।
6 स्कूलों के मान्यता व अनुदान सबंधी अभिलेख न मिलने की कमी सामने आई। इससे हर महीने वेतना आदि पर 94 लाख रुपये के दुरुपयोग के आरोप की जांच के आदेश एसआईटी को मिले हैं। सोमवार के टीम के दो अधिकारियों ने बीएसए दफ्तर पहुंचकर कुछ अभिलेख भी हासिल किए हैं और फिर जिले के सहायता प्राप्त स्कूलों को खंगाला। बताया जा रहा है कि पहले दिन टीम को स्कूलों की ओर से पर्याप्त जानकारी नहीं मिल सकी है। टीम ने बेसिक शिक्षा के लिपिक के सुधीर सिंह व अनुपम पांडेय से पूछताछ कर जानकारी जुटाई है। इसके साथ ही उनको साथ लेकर स्कूलों की पड़ताल किया।
विज्ञापन

शिक्षक भर्ती की जांच करने जिले के स्कूलों में एसआईटी टीम तो पहुंची लेकिन स्कूल के जिम्मेदार नहीं मिले। करनैलगंज के एक स्कूल में प्रबंधक के साथ ही प्रधानाचार्य व लिपिक तक नहीं मिले। टीम ने स्कूल में मौजूद लोगों से जानकारी ली और फिर दूसरे स्कूल पहुंची। वहां भी कोई अहम जानकारी नहीं मिल पाई है। बताया जा रहा है कि टीम अभी 28 फरवरी तक कैंप करेगी और स्कूलों के प्रबंधक व प्रधानाचार्य से जानकारी करेगी। इसके बाद अपनी रिपोर्ट एसआईटी के पुलिस अधीक्षक को सौंपेगी।
डीआईजी एसआईटी जे रविंद्र गौड़ ने बताया कि शासन के आदेश पर गोंडा के 28 सहायता प्राप्त स्कूूलों की जांच के लिए टीम भेजी गई है। स्कूलों में शिक्षकों के नियुक्ति के सम्बंध में टीम जांच करेगी। जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई होगी। सोमवार को जिले में टीम पहुंच गई है और जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें