नवाबगंज के साकीपुर में धान के खेत में हो रही कटान। - संवाद
करनैलगंज/विश्नोहरपुर। सरयू नदी के जलस्तर में मंगलवार शाम फिर बढ़ोतरी दर्ज की गई। एल्गिन ब्रिज पर शाम चार बजे नदी का जलस्तर 105.740 मीटर पहुंच गया, जो खतरे के निशान 106.070 मीटर से 31 सेंटीमीटर नीचे है। सुबह नदी का जलस्तर 105.720 मीटर था। वहीं, नदी का डिस्चार्ज भी बढ़कर 2,23,250 क्यूसेक हो गया है।
मंगलवार सुबह आठ बजे एल्गिन ब्रिज पर जलस्तर 105.720 मीटर दर्ज किया गया था, जो खतरे के निशान से 35 सेंटीमीटर नीचे था। उस समय कुल डिस्चार्ज 2,07,112 क्यूसेक था। शाम चार बजे तक जलस्तर चार सेंटीमीटर बढ़ गया। नदी का जलस्तर अब बढ़ने की स्थिति में है।
शाम चार बजे गिरिजा बैराज से 1,37,234 क्यूसेक, शारदा से 84,285 और सरयू बैराज से 1,731 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा था। इस तरह कुल डिस्चार्ज 2,23,250 क्यूसेक दर्ज किया गया, जो सुबह के मुकाबले 16,138 क्यूसेक अधिक है। अयोध्या में शाम चार बजे सरयू का जलस्तर 92.230 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 92.730 मीटर से 50 सेंटीमीटर नीचे है। वहां जलस्तर घटने की स्थिति में है। एल्गिन ब्रिज पर जलस्तर और डिस्चार्ज बढ़ने से आने वाले समय में नदी के रुख पर नजर रखी जा रही है। हालांकि विश्नोहरपुर इलाके में बाड़ी माझा, दत्तनगर के नदी किनारे के मजरों के खेतों में कटान होने से लोगों को परेशानी हो रही है।
बाढ़ खंड के सहायक अभियंता पंकज कुमार आर्य ने बताया कि नदी के जलस्तर में उतार-चढ़ाव हो रहा है। इससे कटान का कोई खतरा नहीं है। डिस्चार्ज में मामूली बढ़ोतरी हुई है, जिसके चलते जलस्तर में भी मामूली वृद्धि हो सकती है।
नवाबगंज के साकीपुर में धान के खेत में हो रही कटान। - संवाद