करनैलगंज तहसील में ग्राम न्यायालय की स्थापना का सरकारी फैसला वापस न लेने से आक्रोशित अधिवक्ताओं ने गुरुवार को राजेंद्रनाथ लाहिड़ी चौराहे के पास चक्का जाम कर प्रदर्शन किया। जाम के कारण दो घंटे तक यातायात ठप रहा। इससे लोगों को परेशानी हुई।
वकीलों ने सभा कर शुक्रवार को भी सड़क जाम करने का निर्णय लेते हुए मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीए को सौंपा, जिसमें ग्राम न्यायालय का फैसला वापस लेने की मांग की गई है।
करनैलगंज तहसील में ग्राम न्यायालय की स्थापना के विरोध में बार एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष त्रियुगी नरायन पांडेय व सिविल बार एसोसिएशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रामतीरथ सिंह के नेतृत्व में वकीलों का हुजूम सरकार विरोधी नारेबाजी करते हुए लखनऊ रोड स्थित राजेंद्र नाथ लाहिड़ी चौराहे पहुंचा।
वहां अधिवक्ताओं ने मानव श्रंखला बनाकर चक्काजाम कर दिया। वकीलों ने सभा कर सरकार के इस फैसले पर नाराजगी जताते हुए फैसला वापस न लेने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी भी दी।
सभा को गोकरननाथ पांडेय, रविचंद त्रिपाठी, विजय सिंह, सच्चिदानंद मिश्र, राहुल पांडेय, नंदगोपाल शुक्ल, इंद्रमणि शुक्ल, लालबिहारी, शेषमणि दूबे, कृष्णकुमार पांडेय, कुष्णकुमार मिश्र ने संबोधित किया। बार एसोसिएशन के महामंत्री रहस्य बिहारी मिश्र ने बताया कि बार संघों के अध्यक्षों के नेतृत्व में एक कमेटी मुख्यमंत्री से मिलने राजधानी गई है। कमेटी के वापस लौटने तक प्रदर्शन जारी रहेगा।
महामंत्री ने कहा कि शुक्रवार को भी लाहिड़ी चौराहे पर चक्काजाम किया जाएगा। उन्होंने सरकार के फैसला वापस न लेने पर आंदोलन को और उग्र करने की चेतावनी दी है। अधिवक्ताओं ने एसडीएम सदर नरेंद्र सिंह को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें ग्राम न्यायालय का फैसला वापस लेने की मांग की गई है।
इस मौके पर जगदंबा प्रसाद पांडेय, कृष्ण मुरारी मिश्र, विजय प्रताप द्विवेदी, डीपी ओझा, नगेन्द्र शर्मा, संतोष कुमार आदि मौजूद रहे।