मनकापुर (गोंडा)। सतिया गांव की रहने वाली एक बुजुर्ग महिला से उसके मायके वालों ने गुरुवार को तहसील परिसर में दस बीघा जमीन का दस्तावेज लिखा लिया। इसके बाद वापस लौटते समय मायके वालों व महिला के ससुराल वालों में जमीन का दस्तावेज लिखाने को लेकर मारपीट हो गई। इसी दौरान मायके वालों ने बुजुर्ग महिला की हत्या कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
कोतवाली मनकापुर क्षेत्र के सतिया गांव की रहने वाली नंदनी शुक्ला ने बताया कि उसकी चचेरी सास केवलपता (62) पत्नी स्वर्गीय गोमती प्रसाद शुक्ला के कोई औलाद नहीं थी। नंदनी के मुताबिक केवलपता के भाई हरिप्रसाद पांडेय दवा कराने के बहाने दस दिन पहले उन्हें ससुराल से अपने घर लेकर चले गए थे। गुरुवार को उनकी तबियत बिगड़ी तो मायके वाले उनकी दस बीघा जमीन लिखाने के लिए तहसील लेकर चले गए। वहां दस बीघा जमीन का दस्तावेज लिखा लिया।
नंदनी के मुताबिक जब इसकी जानकारी उसके पति व चचेरे ससुर बनवारी लाल शुक्ला को हुई तो सभी वहां पहुंच गए। मगर मायके वाले केवलपता को लेकर वापस लौट रहे थे। नंदनी का आरोप है कि हरिप्रसाद के परिवार वालों ने उसके चचेरे ससुर का अपहरण कर लिया। उसके बाद चचेरी सास केवलपति की हत्या कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोतवाली मनकापुर के प्रभारी निरीक्षक मनीष जाट ने बताया कि जांच की जा रही है।