बालपुर (गोंडा)। विकास खंड हलधरमऊ के ग्राम पंचायत पतिसा में बिना काम कराये ही साढ़े अठारह लाख रुपये के गोलमाल का मामला सामने आया है। गांव के लोगों की शिकायत पर जिलाधिकारी डा. नितिन बसंल ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को मामले की जांच सौंपी है। शनिवार को जिला समाज अधिकारी मोतीलाल ने मामले की जांच किया और कार्यों की हकीकत देखा।
गांव के लोगो 6 जून को शपथ पत्र देकर जिलाधिकारी से शिकायत किया। जिसकी स्थलीय निरीक्षण करके जांच की जिम्मेदारी समाज कल्याण अधिकारी को सौप दिया है। समाज कल्याण अधिकारी गांव पहुंचकर जांच शुरू कर दिया है। पतिसा निवासी विनोद कुमार, सुधा देवी, त्रिवेणी प्रसाद, अमित कुमार, उमेश कुमार शिकायती शपथ पत्र देकर कहा है कि नहर की पटरी पर इंटरलॉकिंग कार्य नही हुआ और इस का भुगतान 657498 रूपए निकाल लिया।
वहीं अरुण श्रीवास्तव के घर पर सोकपिट व नाली निर्माण के नाम पर 71120 रूपए, रसीद के घर से सुनील के घर तक इंटरलॉकिंग पर 126688 रुपये, दरोगा के घर से पटमेश्वरी ओझा के घर तक इंटरलॉकिंग 66287 रुपये, हमीद के दुकान से माता के घर तक सीसी रोड 19585 रुपये, पीडब्लूडी रोड से उदय भान के खेत तक सीसी रोड 181445 रुपये, कोरी पुरवा गांव में खड़जा निर्माण 230 220 रुपये, दुर्गा पंडित के घर पर नाली निर्माण 70000 रुपये का भुगतान बिना काम कराये ही निकाल लिया गया है। गांव लोगो के शिकायत पर कुछ जगह पर काम शुरू हो गया है। समाज कल्याण अधिकारी मोती लाल ने गांव पहुंचकर स्थलीय निरीक्षण किया। लोगों के बयान दर्ज किया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही जांच रिपोर्ट जिला अधिकारी को सौपी जायेगी। प्रधान प्रतिनिधि पवन तिवारी ने बताया कि मेरे ऊपर लगाये गये आरोप बेबुनियाद है। केवल तीन काम बाकी है। वह भी कोरोना महामारी के कारण नही हुआ है। वह भी जल्द कराया जयेगा।