धानेपुर/गोंडा। नगर पंचायत धानेपुर में कुत्तों के हमले में पांच वर्षीय मुस्कान की मौत के बाद शुरू हुए अभियान में दो दिन में सिर्फ एक कुत्ता ही पकड़ा जा सका है। सफाई नायक की अगुवाई में 15 कर्मचारियों ने वार्डों में अभियान चलाया, लेकिन कुत्तों का पता नहीं चल सका है।
शनिवार को कल्याण नगर वार्ड-5 में बड़ी बहन व अन्य बच्चों के साथ शौच के लिए गई मुस्कान (5) पर कुत्तों ने हमला कर दिया था। मेडिकल कॉलेज ले जाते समय उसकी मौत हो गई थी। घटना के तीसरे दिन ईओ रागिनी वर्मा मौके पर पहुंचीं। चौथे दिन से अभियान शुरू किया गया। मंगलवार को सफाई नायक के नेतृत्व में नौ कर्मियों ने वार्ड-5 में कुत्तों को पकड़ने का प्रयास किया। बुधवार को वार्ड-6 में छह कर्मियों ने अभियान चलाया। दो दिन की मशक्कत के बाद एक कुत्ता ही पकड़ा गया। इन कुत्तों को नगर क्षेत्र से दूर बिसुही नदी के पास जंगल में छोड़ दिया गया।
शौचालय न होने पर उठे सवाल
जिला खुले में शौच मुक्त घोषित है। फिर भी पीड़ित परिवार के पास शौचालय नहीं है। परिवार समेत कई घरों के लोग शौच के लिए बाहर जाने को मजबूर हैं। सभासद पवन तिवारी ने पात्र परिवारों की सूची बनाकर शौचालय उपलब्ध कराने की मांग की है। अधिकारियों के अनुसार, नगर पंचायत क्षेत्र में सामुदायिक शौचालय निर्माण के लिए जेई की ओर से एस्टीमेट तैयार किया जा रहा है।
आर्थिक मदद की मांग
मुस्कान की मां धीरा देवी ने परिवार के लिए आर्थिक सहायता की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि बच्ची की मौत के बाद भी नगर पंचायत की कार्रवाई अपेक्षित गति से नहीं हुई। दो दिन में एक कुत्ता पकड़ने से लोगों में नाराजगी है।