तेज गर्मी और जगह-जगह फैली गंदगी के चलते संक्रामक रोगों ने पैर पसारने शुरू कर दिए हैं। बीते दिन खसरे से जहां परसपुर के प्यौली गांव निवासी एक किशोर की मुख्यालय के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई, तो वहीं गांव में आठ लोग अभी भी खसरे से बीमार बताए जा रहे हैं।
उधर, जिला अस्पताल में भी खसरे के आधा दर्जन से ऊपर मरीज अलग-अलग वार्डों में भर्ती हैं। जबकि दूसरी ओर करनैलगंज से कटराबाजार और हलधरमऊ में भी खसरा तेजी से फैल रहा है।
परसपुर के प्यौली गांव में खसरे का प्रकोप बीते एक अप्रैल से फैला हुआ है। गांव में इस बीमारी से नरेन्ंद्र सिंह की पत्नी रामादेवी (45), बेटी ज्योति सिंह (14), बजरंगी का पुत्र दीपक (14), प्रवेश सिंह का पुत्र आदर्श (8), विष्णुकुमार का पुत्र अरुण (4), बबलू सिंह का पुत्र रोशन (8), भगौती का पुत्र अमित (18) और बजरंगी की पुत्री आंचल (12) बीमार चल रहे हैं। जबकि खसरे से ही रविवार को नरेंद्र सिंह के पुत्र रोहित (15) की मुख्यालय के एक निजी अस्पताल में मौत हो गई।
ग्राम प्रधान विजय बहादुर सिंह का कहना है कि गांव में जगह-जगह गंदगी फैली है। सफाई कर्मी प्रधानी चुनाव के बाद से ही नहीं आ रहा। सफाई कर्मी के गांव में न आने से संक्रामक बीमारियां फैल रही हैं।
उधर, सीएचसी अधीक्षक डॉ. एसपी द्विवेदी का कहना है कि गांव में बीमारी फैलने की सूचना उन्हें आज ही मिली है। गांव में डॉक्टरों की टीम भेजकर बीमार लोगों का हरसंभव उपचार किया जाएगा।
जबकि दूसरी ओर जिला अस्पताल में भी खसरे के करीब दो दर्जन मरीज अलग-अलग वार्डों में भर्ती हैं। सीएमओ डॉ. अमर सिंह कुशवाहा ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की संक्रामक सेल टीम को गांवों में जाकर लोगों का इलाज करने के लिए निर्देशित किया गया है।