चैत्र रामनवमी पर शुक्रवार को मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्रीराम का प्राकट्योत्सव धूमधाम से मनाया गया। दोपहर के 12 बजते ही मंदिरों में घंटे बजने लगे और भए प्रकट कृपाला दीन दयाला, कौशिल्या हितकारी, हर्षित महतारी मुनिमन हारी अद्भुत रूप निहारी छंद के स्वर गूंजने लगे। इससे हर जगह खुशी का माहौल हो गया।
पूर्व नियोजित कार्यक्रम के तहत विहिप व बजरंगदल के सौजन्य से जिले में करीब दो हजार स्थानों पर अयोध्या से लाई गई भगवान राम, सीता, लक्ष्मण व हनुमान सहित पूरे राम दरबार की विग्रह मूर्तियों की पूजा की गई।
नगर के भट्ठा परेड, भरत मिलाप चौराहा, बड़ी हनुमानगढ़ी मंदिर, कोतवाली के सामने हनुमान मंदिर, मालवीय नगर के राधाकृष्ण मंदिर सहित अन्य मंदिरों में धूमधाम से भगवान राम का प्राकट्योत्सव मनाया गया। भरत मिलाप चौराहे पर बजरंग दल अवध प्रांत के संयोजक राकेश वर्मा, विहिप के ओमप्रकाश सोनी आदि भगवान की आरती उतारी।
वहीं, करनैलगंज में भगवान श्री राम के जन्मोत्सव के मौके पर नगर के मंदिरों में एक साथ घंटा-घड़ियालों की गूंज सुनाई दी। महिलाओं ने सोहर के साथ ही धार्मिक संगीतों से जन्मोत्सव का आनंद उठाया।
करनैलगंज नगर के ठाकुर राम जानकी चतुर्भुजी मंदिर बालकरामपुरवा, रामजानकी मंदिर हलवाई समाज, रामजानकी मंदिर बालूगंल, रामजानकी मंदिर सांवल प्रसाद पुरवार, चौक घंटाघर स्थित आदि शक्ति मां भवानी मंदिर, संतोषी माता मंदिर, मां गायत्री शक्तिपीठ सकरौरा, रामजानकी मंदिर सकरौरा, हनुमान गढ़ी मंदिर मेंहदीहाता सहित तमाम मंदिरों में भगवान श्री राम का प्रकाटयोत्सव धूमधाम से मनाया गया।
नगर के हलवाई समाज मंदिर में भंडारा हुआ। इस मौके पर रामजीलाल मोदनवाल, अरुण कुमार वैश्य, जोगेंद्र सिंह जानी, संतोष यज्ञसैनी आदि मौजूद रहे।
उधर, मसकनवा में भगवान राम का जन्मोत्सव छपिया मंदिर व रामजानकी मंदिर में मनाया गया।
मंदिर में सुबह घनश्याम महराज का जल, फलों के रस, गंगाजल, शहद, केसर से ब्रम्हचारी हरिस्वरूपा नंद महराज व यजमान कोकिला बेन, कान्ति भाई पटेल ने वैदिक मंत्रोचार के साथ महाभिषेक कराया। अन्नकूट व छप्पन भोग का आयोजन किया गया। बारह बजते ही भये प्रकट कृपाला दीनदयाला की ध्वनि गूंजने लगी। रामजानकी मंदिर में मंदिर के अध्यक्ष जानकी प्रसाद गुप्ता व पंडित चंद्रशेखर शुक्ला ने वैदिक मंत्रों से राम जन्म का उत्सव मनाया। महिलाओं ने सोहर गाकर खुशियां मनाईं।