जरवा थाना क्षेत्र के देवीपाटन गांव के पास बच्चों द्वारा खिलौना बनाने के लिए खेत में मिट्टी खोदते समय भगवान श्रीकृष्ण की अष्टधातु की मूर्ति मिली। पुलिस मूर्ति को कब्जे में लेकर छानबीन में जुट गई है। मूर्ति का वजन 18 किलो 300 ग्राम तथा कीमत सवा करोड़ रुपये बताई जा रही है। मूर्ति करीब 200 साल पुरानी बताई जा रही है।
देवीपाटन पुलिस चौकी प्रभारी मंगला प्रसाद द्विवेदी ने बताया कि शनिवार को देवीपाटन गांव के निकट कुछ बच्चे खिलौना बनाने के लिए मंदिर के पास स्थित खेत में मिट्टी खोद रहे थे। शनिवार को नीचे बच्चों को भगवान श्रीकृष्ण की मूर्ति दिखाई दी।
बच्चों ने घटना की जानकारी पास मौजूद कुछ चरवाहों को दी। चरवाहों ने मूर्ति मिट्टी से बाहर निकाली तथा ग्राम प्रधान को सूचना दी। ग्राम प्रधान ने तत्काल मामले से पुलिस को अवगत कराया। पुलिस ने मूर्ति को कब्जे में ले लिया। थानाध्यक्ष तुलसीपुर केपी यादव ने बताया कि मूर्ति का वजन 18 किलो 300 ग्राम है। मूर्ति में भगवान श्रीकृष्ण का मुकुट व बांसुरी टूटी हुई है। मूर्ति अष्टधातु की है।
थानाध्यक्ष केपी यादव ने बताया कि मूर्ति करीब 200 साल पुरानी है। इसे सुरक्षित थाने पर रखा गया है। इसकी जांच के लिए विशेषज्ञों से संपर्क किया जा रहा है। एसपी राजीव मल्होत्रा ने बताया कि तुलसीपुर देवीपाटन शक्तिपीठ के निकट बरामद मूर्ति की जांच के लिए विशेषज्ञों से संपर्क किया जा रहा है।
स्थानीय स्तर पर कोई भी इस मूर्ति का आकलन करने वाला विशेषज्ञ नहीं है। विशेषज्ञ की जांच के बाद ही मूर्ति की वास्तविक अवस्था तथा कीमत की सटीक जानकारी मिल पाएगी। पुलिस इस बात की भी छानबीन कर रही है कि यह मूर्ति खेत में कहां से और कब आई।