नवाबगंज के लौव्वावीरपुर गांव में कलश यात्रा निकालती महिला। -संवाद
गोंडा। चैत्र नवरात्र के पहले दिन रविवार को मां दुर्गा के शैलपुत्री स्वरूप की आराधना की गई। घरों में कलश स्थापना के साथ देवी की स्तुति की गई। मंदिरों में देवी मां के पूजन व दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ रही। किसी ने दुर्गा चालीसा का पाठ किया तो किसी ने दुर्गा सप्तशती का पाठ कर मां की कृपा प्राप्त की।
खैरा भवानी मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की कतार लग गई। उमरीबेगमगंज के मुकुंदपुर स्थित मां वाराही देवी मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ रही। देवी मां के दर्शन व पूजन के लिए यहां पूरे दिन भक्तों का तांता लगा रहा। सुबह से ही जगह-जगह देवी मां के गीतों की गूंज से वातावरण भक्तिमय हो गया। शहर के खैरा भवानी मंदिर में भी श्रद्धालुओं की भीड़ रही।
विश्नोहरपुर संवाद के मुताबिक, लौव्वावीरपुर गांव के मजरे डिहवा स्थित हट्ठी माता मंदिर में श्रीमद्देवी भागवत कथा का आयोजन किया गया। चंद्रमौलि तिवारी ने बताया कि रविवार दोपहर तीन बजे मंदिर से कलश यात्रा निकाली गई। महिलाओं ने कलश में जल भरकर पहलवान वीर मंदिर में दर्शन किया। प्रवाचक आचार्य पं. शिवशंकर पांडेय ने कहा, कथा मंगलकारी है। नवरात्र में इसका आयोजन और भी शुभ फल देता है। शंकर दयाल तिवारी, देवदत्त तिवारी, राजेश, राकेश, कमलाकर तिवारी, सज्जन आदि लोग मौजूद रहे।