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गर्म हुई गौरा में सियासत, पूर्व मंत्री व सांसद में ठनी

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गौरा विधायक प्रभात वर्मा - फोटो : GONDA
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गोंडा। विधानसभा चुनाव 2022 की तारीख भले ही अभी तय नहीं हुई है लेकिन सियासत गर्म हो गई है। गौरा विधान सभा के भाजपा विधायक प्रभात वर्मा के खिलाफ सपा सरकार के पूर्व मंत्री व भाजपा के गोंडा सांसद कीर्तिवर्धन सिंह के पिता आनंद सिंह ने मोर्चा खोल दिया है।
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उन्होंने सीधे केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर विधायक से सावधान किया है। उन्होंने गौरा क्षेत्र के लोगों की ओर से मिली उत्पीड़न की शिकायतों का हवाला देते हुए प्रभात वर्मा को दोबारा टिकट न देने की मांग की है।
वहीं कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह विधायक के समर्थन में आ गये हैं और उन्होंने भी एक पत्र लिखा है। उन्होंने पूर्व मंत्री आनंद सिंह को चुनौती दी है कि वह खुद चुनाव लड़कर दिखाएं, उन्हेें तो भाजपा का एक सामान्य कार्यकर्ता भी हरा देगा।
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जिले की सातों सीटों पर भाजपा विधायक हैं और पार्टी के अंदरखाने क्या हो रहा है, इसके कयास लगाए जा रहे हैं। प्रदेश स्तर पर चल रही कवायदों से कुछ के टिकट बदले जाने के संकेतों की चर्चाएं भी होती रहती हैं। इसी बीच पूर्व मंत्री आनंद सिंह के पत्र से खलबली मच गई है।
बीते दिनों उन्होंने गृहमंत्री अमित शाह को लिखे पत्र में गौरा विधायक पर निशाना साधा था। उनका साफ संकेत है कि जिस तरह से क्षेत्र के लोगों का उत्पीड़न किया गया है, वह पार्टी हित में नहीं है।
उनके पत्र पर भले ही विधायक ने कुछ नहीं कहा, लेकिन कैसरगंज सांसद के तेवर गर्म हो गये। उन्होंने सीधे पूर्व मंत्री को घेरते हुए विधायक का समर्थन किया है। इसके साथ ही कहा कि पूर्व मंत्री चुनाव लड़कर दिखाएं, उन्हें पता चल जाएगा। उनको तो पार्टी का एक सामान्य कार्यकर्ता भी हरा देगा। यह पत्र सोशल मीडिया पर भी वायरल हो गया है।
माना जा रहा है कि गौरा विधायक को घेरने के लिए पत्र की शुरुआत की गई। बता दें कि वर्ष 2012 के विस. चुनाव में सपा से आनंद सिंह गौरा से ही विधायक चुने गये थे और अखिलेश यादव में सरकार में कैबिनेट मंत्री थे। उस समय विधायक प्रभात वर्मा बसपा से प्रत्याशी थे। इसके बाद कुंवर आनंद सिंह के बेटे सांसद कीर्तिवर्धन सिंह साल 2014 में भाजपा में चले गये और भाजपा के टिकट से सांसद चुने गये।
साल 2019 में वह फिर भाजपा से सांसद बने। इसके बाद आनंद सिंह ने मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया और विस चुनाव में 2017 में कुंवर आनंद सिंह चुनाव ही नहीं लड़े। सपा ने पूर्व विधायक राम प्रताप सिंह को टिकट दिया था। पार्टी के जिलाध्यक्ष अमर किशोर कश्यप ने कहा कि गौरा विधायक विकास पुरुष साबित हुए हैं। जो काम 70 साल में नहीं हुए थे उसे उन्होंने पूरा किया। सड़क से लेकर कॉलेज तक की स्थापना कराई। अब उनके काम से लोग जलने लगे हैं।
गौरा विस के भाजपा विधायक प्रभात वर्मा के खिलाफ पूर्व मंत्री आनंद सिंह के पत्र लिखने के बाद दांव-पेच का दौर शुरू हो गया है। यह पत्र चाहे जिस वजह से पूर्व मंत्री ने लिखा हो, लेकिन सियासत में अब यही पत्र कुछ बड़े संकेत दे रहा है।
विस चुनाव में पिछड़े वोट को साधने के लिए भी पत्र कारगर दिख रहा है, वहीं गोंडा से भाजपा सांसद कीर्तिवर्धन सिंह को घेरने के लिए भी सटीक बैठ रहा है। वहीं कैसरगंज सांसद बृजभूषण शरण सिंह के पत्र से मामला तूल पकड़ रहा है। इन पत्रों पर सपा के एक धड़े की भी नजर है और पूरी जानकारी जुटाई जा रही है। सपा में कई गौरा विस. क्षेत्र से कई दावेदार हैं।
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