गोंडा। सड़कें बनाई जाती हैं। कुछ समय बाद टूट जाती हैं। टूटने के बाद चकती लगाने की प्रकिया विभाग शुरू कर देता है। लोक निर्माण विभाग ने अब चकती पर लगाम लगाने की तैयारी की है। जिले की करीब चार हजार किलोमीटर लंबाई की सड़कों के नवनिर्माण व मरम्मत के लिए 59.42 करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। स्वीकृति मिलते ही जिले की सड़कें चमाचम हो जाएंगी।
लोक निर्माण विभाग ने सड़कों की दशा सुधारने के लिए अहम कदम उठाए हैं। ब्लॉकवार अवर अभियंताओं की टीम लगाकर सर्वे कराया गया। क्षतिग्रस्त सड़कों, सुधार के लायक सड़कों सहित अन्य जरूरी कार्यों की कार्ययोजना बनाई गई है। अभियंताओं ने विभाग को रिपोर्ट दी। जांच-पड़ताल के बाद उच्चाधिकारियों ने शासन को सड़कों के संबंध में प्रस्ताव भेज दिया है। विभागीय अफसरों का कहना है कि शासन को कार्ययोजना भेजी गई है। वहां से स्वीकृति मिलने पर कार्य शुरू कराए जाएंगे। साथ ही 150 आबादी वाले पुरवों को जोड़ने की दिशा में भी कार्य किया गया है। ऐसे करीब 837 पुरवों और मजरों का चयन किया गया है। जहां पर पक्की सड़क की सुविधा ग्रामीणों को दी जाएगी। अभी तक इन गांवों के लोग कच्चे मार्ग या फिर खड़ंजा से आवागमन करते हैं।
लोनिवि के अधीक्षण अभियंता योगेंद्र सिंह ने बताया कि सड़कों को सुधारने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। बार-बार टूटने वाली सड़कों की विशेष रूप से मरम्मत कराने की तैयारी की गई है। सड़कों का सर्वे कराकर प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। स्वीकृति मिलते ही कार्य शुरू करा दिया जाएगा।