गोंडा। देवीपाटन मंडल मुख्यालय होने के बाद भी लोगों के लिए जरूरी संसाधनों में से एक स्वास्थ्य सेवाओं में भी अभी गोंडा फिसड्डी है। इसके लिए शासन स्तर पर भी कसरत तेज हो गई है। चिकित्सा के लिहाज से सड़क हादसों और गंभीर परिस्थितियों में आने वाले मरीजों के इलाज के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस यूनिट की जरूरत होती है। इसी को ध्यान में रखकर जिले का पहले ट्रॉमा सेंटर के निर्माण का काम चल रहा है। लगभग एक महीने के भीतर ट्रॉमा सेंटर के शुरू होने की उम्मीद है। कार्यदायी संस्था ने इसके हैंडओवर का पेपर जिला अस्पताल प्रशासन को सौंपा है। शहर में ट्रॉमा सेंटर के निर्माण से गोंडा व आसपास के जिले के गंभीर मरीजों को लखनऊ तक की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी।
ट्रॉमा सेंटर के लिए 126 बेड के नये भवन का निर्माण लगभग 32 करोड़ की लागत से किया जा रहा है। प्रभारी प्रमुख चिकित्साधीक्षक डॉ. जीके सिंह ने बताया कि ट्रॉमा सेंटर के लिए नये भवन का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। उन्होंने बताया कि एक महीने के भीतर ही इस ट्रॉमा सेंटर का शुभारंभ किया जा सकता है। कुछ छोटे-मोटे काम बाकी हैं जिसके लिए कार्यदायी को जल्द पूरा कराने के निर्देश दिये गये हैं। पहले से संचालित 176 बेड के जिला अस्पताल को 300 बेड में विस्तारित करने के लिए साल 2013 में नई बिल्डिंग का निर्माण शुरू कराया गया था।
इस पूरे निर्माण कार्य की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश राजकीय निर्माण निगम के जिम्मे है। बताया जा रहा है कि 32 करोड़ 37 लाख से बनने वाले इस अस्पताल के लिए मार्च 2018 में ही 95 प्रतिशत यानि 30 करोड़ 75 लाख का भुगतान हो चुका है। इस बजट में अस्पताल भवन के साथ ही कुछ और बिल्डिंगों का भी निर्माण होना था। इसमें चिकित्सकों और कर्मचारियों के आवास सहित नर्सिंग हास्टल भी शामिल हैं।
इन संसाधनों की भी मिलेगी सौगात
126 बेड का अस्पताल
वरिष्ठ चिकित्सकों के लिए दो ब्लॉक आवास
चिकित्सकों के लिए 14 आवास
श्रेणी 2 के कुल 36 आवास
श्रेणी 1 के 30 आवास
नर्सेज हास्टल का निर्माण
ये मिलेंगी सुविधाएं
ओपीडी में विशेषज्ञों के लिए विशेष केबिन
ऑक्सीजन और ईसीजी युक्त ट्रॉमा वार्ड
एमआरआई, सीटी स्कैन और अत्याधुलिन पैथोलॉजी
क्रिटिकल केयर यूनिट
आईसीयू और वेंटिलेटर यूनिट
आयुक्त ने एडी को दिये निर्देश
30 दिसंबर को समीक्षा बैठक में कमिश्नर महेंद्र कुमार ने अपर निदेशक स्वास्थ्य डॉॅ. अशोक कुमार गुप्ता को ट्रॉमा सेंटर की शीघ्र स्थापना के निर्देश दिये हैं। उन्होंने साफ कहा है कि उन्हें ट्रॉमा सेंटर के निर्माण रिपोर्ट जल्द ही उन्हें उपलब्ध कराई जाये।
थोड़ा काम बाकी है, जल्द ही होगा पूरा
जब इस बारे में अस्पताल प्रशासन से पूछा गया तो प्रभारी प्रमुख चिकित्साधीक्षक डॉ. जीके सिंह ने कहा कि कार्यदायी संस्था की ओर अभी कुछ कार्य अधूरे पड़े हुए हैं जिसके चलते हैंडओवर का काम बाकी है। कार्यों को जल्द पूरा कराने के निर्देश दिये गये हैं। कोशिश है कि जनवरी माह के अंदर ट्रॉमा सेंटर का शुभारंभ हो जाएगा।