फोटो-5 गोंडा में सीएमओ कार्यालय के रिकार्ड रुम में आग लगने के दूसरे दिन निरीक्षण करते संयुक्त निद?
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गोंडा। सीएमओ कार्यालय के रिकार्ड रुम में मंगलवार को लगी आग के कारण और नुकसान का आंकलन करने को गठित टीम ने मौके का स्थलीय निरीक्षण कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। अग्निकांड में बीते पांच साल के दौरान हुई दवाओं व उपकरण की खरीद फरोख्त से जुड़े दस्तावेजों के स्वाह हो जाने की आशंका है। बुधवार को स्वास्थ्य विभाग की ओर से गठित जांच टीम के साथ ही संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य व पुलिस की टीम ने भी अग्निकांड स्थल का जायजा लेकर वहां कार्यरत कर्मचारियों से पूछतांछ की। हालांकि जांच टीम से जुड़े लोग अभी तक रिकार्ड रूम में आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाने में सफल नहीं हो पाए हैं।
सीएमओ कार्यालय के रिकार्ड रूम में हुए अग्निकांड की जांच के लिए अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ.एपी सिंह, प्रशासनिक अधिकारी दिलीप सिंह व अवर अभियंता सतीश मिश्र की टीम गठित की गयी थी। टीम ने सुबह रिकार्ड कक्ष पहुंचकर वहां मौजूद अधजली फाइलों को खंगाला। इसमें कुछ फाइलें जरूरी तो अधिकांश फाइलें व दस्तावेज पुराने और टीकाकरण व पोस्टमार्टम से संबधित बताए गए। दोपहर करीब एक बजे करीब संयुक्त निदेशक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण डॉ. हरिदास अग्रवाल भी अग्निकांड स्थल का निरीक्षण करने पहुंचे। उन्होंने कार्यालय में मौजूद कई कर्मचारियों से आग लगने के कारणों का पता लगाने को अलग अलग पूछताछ करने के साथ ही अधजली फाइलों की छंटनी कर उन्हें अलग रखने को निर्देशित किया है।
गले नही उतर रही शार्ट-सर्किट की बात
अग्निकांड स्थल का निरीक्षण करने पहुंचे संयुक्त निर्देशक एचडी अग्रवाल की पूछताछ में शार्ट सर्किट से आग लगने की बात गले नहीं उतरती दिखी। स्वास्थ्य अधिकारियों तथा लिपिकों से आग लगने का कारण की जानकारी ली। पूछतांछ में सभी ने आग लगने का कारण शार्ट-सर्किट बताया। जेडी ने शार्ट-सर्किट वाले स्थान पर बनने वाले विशेष मार्क के बारे में जानकारी मांगी तो बताया गया कि केबल पहले ही काट दिया गया था। इस जवाब से वह असंतुष्ट नजर आए। शार्ट सर्किट प्राय: दो विद्युत तारों के ज्वाइंट वाले स्थान पर होता है लेकिन सीएमओ कार्यालय पर बने रिकार्ड रूम के आस-पास कोई ङी ऐसा ज्वाइंट निरीक्षण में नहीं मिला।
परेशान नजर आए पटल जिम्मेदार
बुधवार को सुबह से ही सीएमओ कार्यालय पर हुए अग्निकांड की जांच-पड़ताल के लिए अधिकारियों का जमावड़ा दिन भर जुटा रहा। अग्निकांड शार्ट सर्किट से हुआ अथवा साजिशन आग लगाई गई इसे लेकर फिलहाल ऊहापोह की स्थिति व्याप्त है। फिलहाल इस हादसे के बाद से स्वास्थ्य विभाग में दस्तावेजों के रखरखाव से जुड़े पटल प्रभारियों के माथे पर चिंता की लकीरे दिखने लगी है। परेशान जिम्मेदार कार्यालय से जुड़े अन्य कर्मियों से निरीक्षण करने पहुंची जांच कमेटी के सदस्यों के क्रियाकलापों के बारे में जानकारी जुटाने में सक्रिय दिखे। सीएमओ कार्यालय में इससे पूर्व भी कई बार दस्तावेजी रिकार्ड को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया जा चुका है।